सीतापुर। स्कूल बसों में सीसीटीवी कैमरे और जीपीएस सिस्टम लगेगा। इसकी निगरानी स्कूल से की जाएगी। इससे वाहन की लोकेशन स्कूल को मिलती रहेगी। बस में होने वाली हर गतिविधि पर नजर रखी जा सकेगी। इसको लेकर एआरटीओ ने डीआईओएस व बीएसए को पत्र लिखा है।
शहर के कई स्कूल व कॉलेजों ने बच्चों को लाने व ले जाने के लिए अपने वाहन लगा रखे हैं। स्कूल में वाहनों के लिए एआरटीओ से अनुमति लेनी होती है। कई बार इन वाहनों के साथ घटनाएं हो चुकी है। अब इन वाहनों पर जिला प्रशासन सख्ती से निगाह रखेगा।
इसके लिए स्कूली वाहनों में सीसीटीवी कैमरा लगाए जाएंगे। जीपीएस सिस्टम भी लगेगा। इससे वाहन की लोकेशन मालूम हो सकेगी। यह सीसीटीवी कैमरा कॉलेज से जुड़ जाएंगे, जिससे कॉलेज प्रशासन बराबर नजर बनाए रखेगा। जिला प्रशासन भी इन कैमरों के जरिए मॉनीटरिंग कर सकेगा।
इसकी व्यवस्था कॉलेज को करनी होगी। जब तक वाहन स्वामी सीसीटीवी कैमरा व जीपीएस सिस्टम नहीं लगाते, तब तक उनको स्कूली वाहन की अनुमति नहीं मिलेगी। इसको लेकर एआरटीओ ने डीआईओएस व बीएसए को पत्र लिखा है। जिसके जरिए वाहनों में यह व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए है।
700 स्कूल वाहन हैं पंजीकृत
जिले में करीब 700 स्कूली वाहन रोजाना सड़कों पर फर्राटा भरते है। यह एआरटीओ विभाग में पंजीकृत है। इससे दोगुने बिना परमिट के चल रहे है। पहले जिला प्रशासन पंजीकृत वाहनों में सीसीटीवी कैमरा व जीपीएस सिस्टम लगवाएगा। उसके बाद अपंजीकृत तरीके से चल रहे वाहनों पर कार्रवाई कर इनको बंद कराया जाएगा।