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बैंक कर्मियों को बंधक बना जाम किया हाईवे

Fri, 16 Dec 2016 11:25 PM IST
Amarujala Bureau
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note - फोटो :
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नोटबंदी के चलते जिले मेें लोगों का सब्र टूटता नजर आ रहा है। शुक्रवार को महोली में खाताधारकों ने नेरी कस्बे में इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक के कर्मचारियों को बंधक बना लिया। इसके बाद हाईवे पर जाम लगा दिया। डेढ़ घंटे तक प्रदर्शन चला। इससे हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
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महोली में ही खाताधारकों ने इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक के सामने प्रदर्शन कर हाईवे जाम किया। यहां पर आधे घंटे तक हाइवे जाम रहा। पुलिस कर्मियों ने किसी तरह बवाल शांत कराया। शुक्रवार को जिले में अधिकतर बैक शाखाओं में कैश की किल्लत रही। एटीएम भी शोपीस बने नजर आए। शुक्रवार को आपाधापी के बीच 19 करोड़ रुपये बैंकों में जमा हुए, जबकि 7 करोड़ रुपयों का भुगतान किया गया। 

महोली में ग्रामीण शुक्रवार को नेरी स्थित इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक पहुंचे। यहां सुस्त रफ्तार में कैश भुगतान हो रहा था। इस पर खाताधारक भड़क गए। करीब 12 बजे ग्रामीणों ने बैंक के सामने प्रदर्शन करते हुए हाईवे जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि इस शाखा में कभी कैश मिलता ही नहीं है।
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जब बांटा जाता है, तब बेहद कम रकम भुगतान की जाती है। हाईवे जाम होने की सूचना मिलने पर करीब एक बजे पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस कर्मी करीब आधा घंटे तक प्रदर्शनकारियों को समझाते रहे। तब कहीं जाकर प्रदर्शनकारी शांत हुए और हाईवे का जाम खोला।

इस हंगामे के चलते जहां बैंक का कामकाज बाधित रहा। वहीं हाईवे पर करीब 4 किलोमीटर दूर तक वाहनों की लंबी कतारें लग गईं थी। इस मामले को लेकर बैंक मैनेजर रमेश मिश्रा का कहना था कि जो कैश आता है, उसी से भुगतान किया जाता है। कैश अधिक से अधिक लोगों को भुगतान किया जा सके, इसलिए निकासी की सीमा दो हजार रुपये कर दी गई है।

इधर, महोली इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक में भी लोग हंगामा करते नजर आए। यहां भी लोग सुबह होते ही लाइन लगाकर खड़े हो गए थे। दोपहर तक यहां पर कैश ही नहीं पहुंचा। जिसकी वजह से बैंक द्वारा खाता धारकों को इंतजार करने को कहा जाने लगा। करीब 1 बजे के वक्त खाता धारक भड़क गए और बैंक के सामने प्रदर्शन करने लगे।

यहां भी ग्रामीणों ने प्रदर्शन के दौरान हाईवे जाम कर दिया। ग्रामीणों का कहना था कि सुबह से लाइन में लगे हुए दोपहर का वक्त हो चुका है, अभी तक भुगतान नहीं किया जा रहा। जिसके बाद शाम को खाता धारकों को बैरंग ही वापस घर भेज दिया जाएगा।

प्रदर्शन की खबर पाते ही प्रभारी निरीक्षक नजमुल हुसैन कबीर पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। यहां पर कोतवाल ने बताया कि प्रदर्शन के कारण कैश वैन जाम में फंसी है, जब जाम खुलेगा, तभी कैश वैन जाम से बाहर निकलकर बैंक तक पहुंचेगी।

पुलिस की बात सुनकर ग्रामीणों का गुस्सा शांत हुआ और वे इस शर्त पर हटे कि बैंक से कैश भुगतान किया जाए। हालांकि पुलिस की बात सच निकली। प्रदर्शन के शांत होते ही कैश वैन बैंक पहुंची और उसके बाद बैंक से खाताधारकों को भुगतान किया जाने लगा। इस प्रदर्शन के कारण करीब आधा घंटे तक हाईवे जाम रहा।

वहीं जिले में अधिकतर बैक शाखाओं में कैश की किल्लत रही। एटीएम भी शोपीस बने नजर आए। शुक्रवार को आपाधापी के बीच 19 करोड़ रुपये बैंकों में जमा हुए, जबकि 7 करोड़ रुपयों का भुगतान किया गया। लहरपुर, हरगांव, सलारपुर, महोली, मिश्रिख, मछरेहटा, परसदा, सकरन, तंबौर, रेउसा, बिसवां, महमूदाबाद, सिधौली आदि क्षेत्र की बैंकों में बुधवार को भी कैश की किल्लत रही। 
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