जहांगीराबाद (सीतापुर)। अभी किसान कोरोना महामारी से उबर भी नहीं पाए थे कि, इस बीच अचानक गेहूं क्रय केन्द्र बंद हो जाने से तमाम किसानों के सामने गेहूं बेचने की समस्या खड़ी हो गई है। एक तरफ तो सरकार कह रही है गेहूं की खरीद तब तक बंद नहीं होगी, जब तक किसान अपनी फसल गेहूं क्रय केन्द्रों पर लाते रहेंगे। वहीं दूसरी ओर बिना किसी पूर्व सूचना के मात्र केन्द्र प्रभारियों के मोबाइल पर मेसेज भेजकर तीन खरीद एजेंसियों की खरीद पर रोक लगा दी गई है।
क्षेत्र के तमाम किसान गेहूं बेचने के लिए क्रय केन्द्रों पर नहीं ले जा सके हैं। पहले कोरोना का डर, फिर सेमी लाकडाउन तथा घरों में शादी ब्याह में फंसकर किसान गेहूं बेचने सेंटरों पर नहीं पहुंच सका है। बावजूद इसके छह में से तीन एजेंसियों की खरीद बंद कर दी गई है, जिससे किसानों के सामने समस्या खड़ी हो गई है।
मालूम रहे कि जहांगीराबाद क्षेत्र में पीसीयू का एक मात्र गेहूं खरीद केन्द्र निकट के लोनियनपुरवा गांव स्थित साधन सहकारी समिति के भवन पर चल रहा था। जहांगीराबाद के किसान विजय कुमार श्रीवास्तव, संजय कुमार श्रीवास्तव एवं अम्बिका प्रसाद श्रीवास्तव जब गेहूं बेचने के लिए जहांगीराबाद केन्द्र प्रभारी राम इकबाल वर्मा के पास पहुंचे तो उन्होंने केन्द्र पर बोरे न होने के कारण रविवार 30 मई को खरीद करने की बात कही।
इस बीच केंद्र प्रभारी के फोन पर विभाग का मैसेज आया, पीसीयू सहित तीन एजेंसियां खरीद बंद कर दें। किसानों को नजदीक के पीसीएफ एवं एफसीआई आदि खरीद केन्द्रों पर जाकर गेहूं बेचने को कहें। किसान घरों से लगभग 20 किलोमीटर दूर गेहूं बिक्री के लिये कैसे ले जाएं। साथ ही वहां भी पहले से ही गेहूं तुलाने के लिए ट्रैक्टर ट्रॉलियों की लम्बी-लम्बी लाइनें लगी हैं। अचानक बरसात होने से यह समस्या और विकराल हो गई है।
ऐसा कोई आदेश मेरी जानकारी में नहीं
जिला खाद्य विपणन अधिकारी अरविंद दुबे ने बताया कि मेरी जानकारी में ऐसा आदेश या मेसेज जिले से नहीं जारी किया गया है, यदि केन्द्र प्रभारी कह रहा हैं तो गलत कह रहे है। हां, एक दो दिन पूर्व वेबसाइट पर कुछ समस्या थी, जो आज भी है। लेकिन ऐसी कोई बात मेरी जानकारी में नहीं है। उन्होंने जिला प्रबंधक पंकज सिंह का मोबाइल नम्बर देकर जानकारी करने को कहा, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका। क्षेत्र के किसानों ने अफसरों से समस्या को देखते हुए क्षेत्र के नजदीकी क्रय केन्द्रों पर गेहूं खरीद किए जाने की अनुमति देने की मांग की है।