डाकघर में निराश खड़े खाताधारक।
- फोटो : डाकघर में निराश खड़े खाताधारक।
सीतापुर। बाबूजी हमरे खाता से पैसा निकाल देव...। बहुत बीमार हन, दवा लेना है...। परसदा निवासी प्यारेलाल सोमवार को कुछ इसी तरह शहर स्थित प्रधान डाकघर में कर्मचारियों से मदद मांगते नजर आए। प्यारेलाल स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण हेड पोस्ट ऑफिस में अपने बचत खाते से पैसा निकालने पहुंचे थे, लेकिन पैसा न निकाल पाने के कारण डबडबाई आंखों से जिम्मेदारों को कोसते हुए बारिश में अपने बेटे के साथ निराश लौट गए। इसी तरह कई खाताधारक बारिश में 15 से 20 किलोमीटर दूरी तय करके हेड पोस्ट आफिस पहुंचे थे, लेकिन यहां सर्वर न चलने के कारण मायूस लौट गए।
जिले में हेड पोस्ट ऑफिस सहित 419 डाकघरों को नई तकनीक से लैस किया गया है। सोमवार को इन सेवाओं का शुभारंभ किया गया। इस दौरान सबसे पहले शास्त्रीनगर निवासी ममता यादव ने क्यूआर कोड से पेमेंट कर स्पीड पोस्ट बुक किया। इसके बाद सर्वर में तकनीकी खामी आ गई। शुभारंभ के साथ पहले दिन ही एपीटी 2.0 की सेवाएं धड़ाम हो गईं। खाताधारकों ने बताया कि सुबह 11 बजे से डाकघर की सेवाएं बाधित हो गईं। पूछने पर पता चला कि सर्वर नहीं चल रहा है। मरेली गांव निवासी आशुतोष ने बताया कि सुबह जिम्मेदारों ने फोटो खिंचवा कर शुभारंभ तो कर दिया, लेकिन बाद में समस्या पर कोई सुनने वाला नहीं रहा। एक अन्य खाताधारक शंकर ने बताया कि हेड पोस्ट ऑफिस में दोपहर 1 बजे अंधेरा फैला हुआ था। पूछने पर पता चला कि सर्वर और लाइट दोनों नहीं हैं।
नेटवर्क में खामी से बाधित हुईं सेवाएं
डाकघर के नेटवर्क में कुछ तकनीकी समस्या आ गई थी। काफी प्रयास के बाद भी सोमवार को सेवाएं बहाल नहीं हो सकीं। मंगलवार से यह सेवाएं बहाल हो जाएंगी।
- पुरुषोत्तम नाथ, डाक अधीक्षक, प्रधान डाकघर