सीतापुर। निशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम के तहत स्कूलों में गरीब व जरूरतमंद बच्चों के दाखिले दो मार्च से शुरू होंगे। इसके तहत जरूरतमंद बच्चों को उनके घर के समीप स्थित निजी कान्वेंट स्कूलों में दाखिला दिलाया जाएगा। बच्चों के दाखिले की नामांकन प्रक्रिया को तीन चरणों में पूरा कराया जाएगा। नामांकन के यह आवेदन ऑनलाइन ही स्वीकार किए जाएंगे।
शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत आर्थिक रूप से कमजोर व जरूरतमंद बच्चों को अंग्रेजी माध्यम के निजी स्कूलों में पढ़ने का मौका दिया जाता है। इसके तहत कक्षा एक में 25 फीसदी सीटों पर ऐसे जरूरतमंद बच्चों को दाखिला देने का प्रावधान है। ऐसे बच्चों की पढ़ाई का खर्च सरकार वहन करती है। नए शैक्षिक सत्र 2022-23 में ऐसे बच्चों के प्रवेश की नामांकन प्रक्रिया दो मार्च से शुरू होगी। नामांकन आवेदन 25 मार्च तक किए जा सकेंगे। बीएसए 28 मार्च तक प्राप्त आवेदन पत्रों का सत्यापन कर उन्हें लॉक करेंगे।
इसके बाद चयनित होने वाले बच्चों की लाटरी 30 मार्च को निकाली जाएगी। चयनित बच्चों की दाखिला प्रक्रिया को चिह्नित स्कूलों में पांच अप्रैल तक पूरा कराया जाएगा। नामांकन के दूसरे चरण में 2 से 23 अप्रैल तक आवेदन किए जा सकेंगे। 26 अप्रैल तक बीएसए द्वारा डाटा को सत्यापित कर चयनित बच्चों की लाटरी 28 अप्रैल को निकाली जाएगी। इन बच्चों की दाखिला प्रक्रिया को पांच मई तक पूरा किया जाएगा।
नामांकन के तीसरे चरण की प्रवेश प्रक्रिया 2 मई से 10 जून तक होगी। 13 जून तक बीएसए द्वारा आवेदन को सत्यापित कर प्रवेशार्थी बच्चों की लाटरी 15 जून को निकाली जाएगी। इन बच्चों की दाखिला प्रक्रिया को 30 जून तक पूरा कराया जाएगा।
प्रवेश के लिए ऑनलाइन होने वाले आवेदन के साथ ही बच्चे का निवास प्रमाणपत्र, आधार कार्ड, अभिभावक का वोटर कार्ड, राशन कार्ड आदि लगाना होगा। बच्चा जिस विद्यालय में प्रवेश चाहता है, वह विद्यालय निवास प्रमाणपत्र में अंकित पते से एक किलोमीटर की परिधि में होना चाहिए।
अजीत कुमार, बीएसए