लखनऊ। पार्टी विधायकों की कारगुजारियों को गंभीरता से लेते हुए समाजवादी पार्टी ने गोवा में रंगरेलियां मनाते धरे गए महेंद्र सिंह उर्फ झीन बाबू समेत तीन विधायकों को निलंबित कर दिया है। निलंबित विधायकों में झीन बाबू के अलावा रायबरेली के विधायक राम लाल अकेला व सीतापुर के विधायक राधेश्याम जायसवाल शामिल हैं। सीतापुर जिले के सेवता विधानसभा क्षेत्र से विधायक झीन बाबू को कारण बताओ नोटिस जारी करके उनसे गोवा प्रकरण पर स्पष्टीकरण मांगा है। इसके साथ ही राम लाल अकेला व राधेश्याम जायसवाल के उपद्रवी बेटों को विक्रांत अकेला व शैलेंद्र जायसवाल बबुआ को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। पार्टी के विधायकों व उनके परिजनों की करतूतों के चलते सरकार और संगठन की चौतरफा हो रही किरकिरी के बाद सपा प्रदेश अध्यक्ष व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बुधवार को सख्त कदम उठाते हुए तीन विधायकों को सस्पेंड कर दिया। प्रदेश अध्यक्ष के इस फैसले की जानकारी देते हुए सपा प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने बताया कि विधायकों को पार्टी विरोधी गतिविधियों में लिप्त होने की वजह से अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए निलंबित किया गया है। झीन बाबू को गोवा में मंगलवार तड़के पुलिस ने छह कॉलगर्ल्स के साथ गिरफ्तार किया था। उधर, रायबरेली में एक डॉक्टर की जमीन पर जबरन कब्जे के मामले में बछरावां के विधायक राम लाल अकेला व उनके पुत्र विक्रांत अकेला के खिलाफ कार्रवाई की गई है। लोहिया वाहिनी रायबरेली के जिलाध्यक्ष विक्रांत अकेला को पार्टी से निष्कासित कर दिया गया है। सीतापुर में मंगलवार को जमीन के विवाद में विधायक राधेश्याम जायसवाल के बेटों द्वारा की गई फायरिंग में एक ग्रामीण बुरी तरह जख्मी हो गया था। इस मामले में राधेश्याम जायसवाल के पुत्र शैलेंद्र जायसवाल बबुआ को पार्टी से निष्कासित किया गया है।
भगवती सिंह को भरोसे में लिया ः सपा प्रदेश अध्यक्ष व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने पूर्व सांसद भगवती सिंह को विश्वास में लेने के बाद विधायक महेंद्र सिंह उर्फ झीन बाबू के खिलाफ कार्रवाई की। झीन बाबू भगवती सिंह के दामाद हैं। बुधवार दोपहर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव रिवर बैंक काॅलोनी स्थित पूर्व सांसद भगवती सिंह के घर भी गए। मुख्यमंत्री लगभग 15 मिनट तक वहां रहे। सूत्रों की मानें तो मुख्यमंत्री और भगवती सिंह के बीच झीन बाबू के मुद्दे को लेकर चर्चा हुई।