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भूमिहीन गरीबों को मिलेगी आवासीय सुविधा

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मुख्यमंत्री आवास योजना से बनेगा घरौंदा, आवास बनाने को जमीन की व्यवस्था करेगा प्रशासन
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सीतापुर। गरीबों के लिए यह अच्छी खबर है। पीएम आवास की तर्ज पर अब गंवई इलाकों के गरीबों को भी सीएम आवास मिलेंगे। इन आवासों के आवंटन में भूमिहीन पात्रों को वरीयता दी जाएगी। मुख्यमंत्री आवास योजना से घरौंदा बनवाने को न सिर्फ तहसील प्रशासन जमीन भी मुहैया कराएगा, बल्कि उन्हें आवास निर्माण को एक लाख 20 हजार रुपये भी देगा।

यह रकम तीन किश्तों में पात्रों को मिलेगी। शासन के फरमान पर विभाग ने भूमिहीन पात्रों का सर्वेक्षण कराने की कवायद शुरू कर दी है। मालूम हो कि प्रदेश भर के गांवों में तमाम ऐसे परिवार हैं, जो आवासहीन के साथ ही भूमिहीन भी हैं। इनके पास आवास की सुविधा नहीं है।
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जिस कारण यह लोग या तो झुग्गी झोपड़ी या फिर पॉलीथिन के नीचे गुजरबसर कर रहे हैं। इसे देखते हुए प्रदेश सरकार ने पात्र लाभार्थियों को मुख्यमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) शुरू की है। इस योजना में आवास विहीन परिवारों को सरकारी छत का लाभ दिलाया जाएगा। आवास आवंटन में भूमिहीन परिवारों को प्राथमिकता दी जाएगी।

इस संबंध में मुख्य सचिव अनूप चंद्र पांडेय ने डीएम को पत्र भेजकर निर्देश दिए हैं। इसके तहत कहा है कि सीएम आवास योजना के तहत चिन्हित भूमिहीन पात्र लाभार्थी परिवारों को राजस्व एवं ग्राम्य विकास विभाग के अफसरों के साथ समन्वय करते हुए तत्काल आवास के लिए भूमि/आवासीय पट्टा उपलब्ध कराने की कार्रवाई करें। इसकी सूचना भी शासन को देनी है।

अभी तक आवास देने की थी यह व्यवस्था
सीएम आवास योजना में ग्रामीण क्षेत्रों में प्राकृतिक आपदा के कारण छतविहीन एवं आश्रयहीन हो जाने वाले पात्र परिवारों का आवास देने की अभी तक व्यवस्था थी। इसी प्रकार जो सामाजिक, आर्थिक, जातिगत जनगणना 2011 पर आधारित पीएम आवास योजना ग्रामीण की पात्रता सूची में नहीं है। साथ ही आवास विहीन है। कच्ची छतयुक्त मकानों में निवास कर रहे हैं, उन्हें आवास देने का प्रावधान था।
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सीएम आवास योजना ग्रामीण में भूमिहीन परिवारों को आवास देने के निर्देश मिले हैं। इसे लेकर तहसील, ब्लॉक स्तर पर सर्वे कराया जाएगा। बाद में चयनित पात्रों को योजना से लाभान्वित किया जाएगा।
-अरुण कुमार सिंह, परियोजना निदेशक, डीआरडीए
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