सीतापुर। खाते में 5.72 अरब रुपये देख मछरेहटा के एक किसान परिवार की नींद उड़ गई। आननफानन पीड़ितों ने पुलिस को सूचना दी। पीड़ितों ने एक युवक को किसान सम्मान निधि व आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए आधार कार्ड व अन्य दस्तावेज दिए थे। साइबर सेल ने मामले में जांच शुरू कर दी है।
मछरेहटा के बारेपारा गांव निवासी रूपा ने बताया कि उन्हें अपना आयुष्मान कार्ड बनवाना था। इसके लिए सरैंया निवासी युवक से संपर्क किया था। युवक ने उनसे आधार कार्ड, पैन कार्ड व अन्य दस्तावेज ले लिए। बताया कि साथ में भतीजे गजराज व छोटे भाई ने किसान सम्मान निधि व अन्य योजनाओं का लाभ लेने के लिए उसी युवक को दस्तावेज दिए थे।
उसने एक सप्ताह में बैंक खाता खुलवाने की भी बात कही थी। रूपा ने बताया कि युवक से संपर्क नहीं हुआ तो उन्होंने आदिलपुर स्थित आधार एटीएम केंद्र से अपने बैंक खातों की जानकारी की। पता चला कि भतीजे गजराज व उनका जियो पेमेंट बैंक में खाता खोला गया है।
जब खाते में पड़ी रकम के बारे में सुना तो होश उड़ गए। रूपा ने बताया कि खाते में करीब 3.97 अरब रुपये व उनके भतीजे गजराज के बैंक खाते में 1.75 अरब रुपये की धनराशि दिखाई पड़ रही थी। तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी गई।
थानाध्यक्ष प्रभात गुप्ता ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। जियो पेमेंट बैंक के कस्टमर केयर नंबर पर संपर्क किया गया है। पता चला कि इस बैंक अकाउंट की लिमिट महज दो लाख ही हो सकती है। साइबर सेल को केस हस्तांतरित किया गया है।