सीतापुर। जिले में 27 लाख पौधे रोपे जाएंगे। मनरेगा योजना से प्रत्येक ब्लॉक में करीब डेढ़ लाख पौधरोपण का लक्ष्य है। इसके लिए जिले में पौधरोपण स्थल चयनित कर लिए गए हैं। लाभार्थी भी चयनित किए गए हैं। शीघ्र ही प्रस्ताव तैयार कर भूमि की सेहत सुधारी जाएगी। मानसूनी बारिश होते ही अभियान चलाकर पौधे रोपे जाएंगे।
पुराने बड़े वृक्षों की लगातार कटान हो रही है। इससे पर्यावरण दूषित हो रहा है। इसकी भरपाई करने के लिए शासन प्रति वर्ष बारिश के सीजन में अधिक से अधिक पौधरोपण के लिए सरकारी विभागों को पूर्व से ही तैयारी करने के निर्देश देता है। जिससे समय पर पौधरोपण का कार्य कराया जा सके।
इसी क्रम में ग्राम्य विकास की ओर से निर्धारित लक्ष्य को पूर्ण करने के लिए कार्यवाही की जा रही है। मनरेगा योजना से 27 लाख पौधे रोपे जाएंगे। इसके लिए प्रत्येक ब्लाक को डेढ़ लाख पौध रोपित करने का लक्ष्य दिया गया था। अधिकांश ब्लाकों ने पौधे रोपित करने के लिए स्थल का चयन कर लिया है।
चुनावी कार्य में व्यस्तता के कारण स्टीमेट नहीं बने थे। शीघ्र ही स्टीमेट बनाने का कार्य पूर्ण किया जाएगा। इसके बाद मृदा कार्य होगा। इससे मिट्टी की सेहत ठीक की जाएगी। जिससे पौधों की ग्रोथ में कोई रुकावट न आने पाए।
किसान खेतों व मेड़ों पर लगाएंगे पौधे
किसान अपने खेत एवं मेड़ पर शासकीय खर्च से पौधे रोपित कर सकेंगे। इसकी व्यवस्था शासन ने की है। इस संबंध में लाभार्थियों का चयन किया गया है।
मुख्यमंत्री कृषक वृक्ष धन योजना एवं मुख्यमंत्री फलोद्यान योजना के तहत लगभग 14 सौ व्यक्तिगत लाभार्थी चयनित किए गए हैं। ये अपने खेत एवं मेड़ पर पौधरोपण करेंगे।
लक्ष्य के अनुरूप सौ फीसदी पौधरोपण के हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। सभी बीडीओ को निर्देश दिए गए हैं कि वह लक्ष्य के अनुरूप पौधरोपण कार्य का स्टीमेट शीघ्र भेजें, जिससे मृदा कार्य समय से हो सके।
-सुशील कुमार सिंह, उपायुक्त श्रम रोजगार