जिम्मेदारों ने गड्ढे के चारों ओर रखवा दीं ईंटें पर मरम्मत नहीं कराई
सीतापुर। लखनऊ-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग की गुणवत्ता पर सवालिया निशान लग गया है। हल्की बारिश में ही शहर के बाईपास पर हाईवे कई जगह धंस गया है। सड़क धंसने से उसमें गहरे-गहरे गड्ढ़े हो गए हैं। यह गड्ढे हादसे को मूक आमंत्रण दे रहे हैं। गुरुवार रात से लेकर शुक्रवार की सुबह तक कुछ बाइक सवार राहगीर गड्ढे में गिरकर चोटिल भी हुए।
वहीं, कई चार पहिया सवार अचानक गड्ढा सामने आने से हादसे का शिकार होते-होते बच गए। एनएचएआई की ओर से गड्ढे के चारों ओर ईंटें तो रख दी गई हैं मगर मरम्मत कार्य शुरू नहीं कराया गया है। जिससे किसी भी समय बड़ा हादसा होने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता है।
देश की राजधानी दिल्ली को प्रदेश की राजधानी लखनऊ से जोड़ने वाले नेशनल हाईवे-24 का हाल में कराया गया निर्माण सवालों के घेरे में आ खड़ा हुआ है। दरअसल, करोड़ों की रकम खपाकर वर्ष 2015-16 में लखनऊ से सीतापुर के बीच हाईवे का चौड़ीकरण किया गया है। जबकि सीतापुर से शाहजहांपुर के मध्य चौड़ीकरण कार्य अभी चल रहा है।
सीतापुर सिटी के बाहर-बाहर से हाईवे बाईपास के रूप में निकाला गया है। बरसात के पहले बनाई गई सड़क गुरुवार रात हल्की बारिश तक नहीं झेल पाई और कई जगह से धंस गई। शहर के कांशीराम कॉलोनी और नवीन चौक के बीच हालात बेहद खराब हो गए हैं।
यहां हाईवे करीब तीन से पांच फिट तक धंस गई है। हाईवे पर यह गहरा गड्ढा किसी भी समय हादसे का सबब बन सकता है। गुरुवार रात से शुक्रवार की सुबह तक कई बाइक सवार इसमें गिरकर चोटिल हो गए। जबकि तमाम चार पहिया वाहन हादसे का शिकार होते-होते बच गए।
कुछ जागरूक नागरिकों ने हाईवे धंसने की सूचना नेशन हाईवे के अफसरों को दी। जिस पर गड्ढे के चारों तरफ ईंटें रखवा दी गई। लेकिन मरम्मत नही शुरू कराई गई। लिहाजा, हादसे की संभावना बनी हुई है।