अस्पताल में टैंकर के पानी से हो रही सर्जरी
जिला अस्पताल में पांच दिनों से पानी को लेकर परेशानी
अस्पताल परिसर में मुख्य जलकल पंप की बोरिंग खराब
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। मेडिकल कॉलेज में समायोजित हो चुके संयुक्त जिला अस्पताल में पिछले पांच दिनों से पानी की समस्या बरकरार है। अस्पताल के इमरजेंसी से लगायत ऑपरेशन थियेटर में भी पानी नहीं पहुंच रहा है। रोजाना दो टैंकर पानी मंगाया जा रहा है ताकि लेबर रूम और ओटी में सर्जिकल कार्य होते रहे। इसके अलावा आवासीय कॉलोनी में रह रहे चिकित्सकों, कर्मियों को पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। परेशान डॉक्टरों और कर्मचारियों ने विरोध किया तो समस्या सुधारने की प्रक्रिया शुरू की गई।
जिला अस्पताल परिसर में लगे जलकल पंप की मुख्य बोरिंग खराब हो चुकी है। पानी के साथ बालू की अधिकता के कारण पानी का चढ़ाव टंकी में नहीं हो पा रहा है। पानी नहीं होने से वाटर सप्लाई भी बाधित हो चुकी है। इसकी वजह से जिला अस्पताल की इमरजेंसी, सर्जिकल, जनरल वार्ड समेत अन्य वार्डों में पानी की किल्लत हो गई है। ऑपरेशन थियेटर में पानी नहीं आने से ऑपरेशन कार्य में भी बाधा उत्पन्न हो गया है। सर्वाधिक परेशानी आवासीय कॉलोनी में रह रहे चिकित्सकों, कर्मियों के परिवारों को हैं। परिजन दूरदराज लगे हैंडपंप से पानी लाकर किसी तरह काम चला रहे हैं। पीने के पानी के लिए वाटर कैन खरीदकर उपयोग कर रहे हैं।
सीडीओ और प्राचार्य से मिले चिकित्सक, कर्मी
बुधवार को चिकित्सक डॉ. एसएन पटेल, गोविंद ओझा, उमेश पांडेय और अरुण त्रिपाठी की अगुवाई में एक प्रतिनिधिमंडल सीडीओ और प्राचार्य से मिला। लोगों ने उनको समस्या से अवगत कराया।
सीडीओ का स्थलीय निरीक्षण
सीडीओ पुलकित गर्ग ने जिला अस्पताल परिसर में लगे बोरिंग पंप का स्थलीय निरीक्षण किया। समस्या के बारे में जानकारी ली। प्राचार्य डॉ. सलिल श्रीवास्तव के साथ समस्या समाधान पर चर्चा की। सीडीओ ने कहा कि सप्ताह भीतर स्थायी समाधान हो जाएगा। तब तक प्रतिदिन वैकल्पिक व्यवस्था के रुप में पानी टैंकर की व्यवस्था कराई जाएगी। निरीक्षण के समय हॉस्पिटल मैनेजर डॉ. अनूप यादव समेत अन्य चिकित्सक, कर्मचारी उपस्थित रहे।