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प्रधानमंत्री आवास में धांधली: दूसरे की आईडी, आवास अन्य को

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दूसरे की आईडी लगाकर लिया था आवास
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जोगिया ब्लॉक के बैरवा नानकार गांव का है मामला
चार साल बाद हुर्ह शिकायत के बाद जांच में हुआ खुलासा
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर/ टड़िया बाजार। जोगिया ब्लॉक क्षेत्र के बैरवा नानकार गांव में पीएम आवास योजना में बड़ा घोटाला सामने आया है। एक ही गांव के सात लोगों ने फर्जी आईडी लगाकर प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ प्राप्त किया। चार साल बाद किसी ने शिकायत कर दी तो जांच में फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ है। अन्य कितने अपात्रों ने फर्जी तरीके से आवास प्राप्त किया है, जांच टीम इस सवाल का जवाब भी तलाश रही है। इस मामले में सात लोगों के खिलाफ वसूली का नोटिस दिया गया है।
बैरवा नानकार गांव में दूसरी की आईडी पर सातों अपात्रों ने आवास बनाया और पूरी किस्त का भुगतान भी हो गया था। वर्ष 2016-17 एवं वर्ष 2017-18 में फर्जी तरीके आवासों का आवंटन किया गया था। ग्राम्य विकास अभिकरण के परियोजना निदेशक संत कुमार से किसी व्यक्ति ने शिकायत कर दी तो बीडीओ नौगढ़ संगीता यादव की जांच में घोटाला की पुष्टि हो गई है। यह जांच गांव एवं आसपास के गांवों में चर्चा का विषय बन गई है।
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सभी से होगी 1.20 लाख रुपये की वसूली
सभी सातों अपात्रों को प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत बैंक खाता भेजकर तीन दिन के अंदर धनराशि जमा कर दें। सभी से 1.20 लाख रुपये की वसूली की जाएगी। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत उन परिवारों को आवास दिया जाता है, जो बेघर हैं और जिनके पास फूस की झोपड़ी है। आवास के लिए ऑनलाइन आवेदन होता है। जांच करके ऑनलाइन रिपोर्ट लगती है। इसके बाद धनराशि किस्त में लाभार्थी के बैंक खाते में भेजा जाता है। इसमें ग्राम पंचायत अधिकारी के स्थलीय निरीक्षण और रिपोर्ट के आधार पर धनराशि भेजी जाती है। मगर जोगिया ब्लॉक के ग्राम पंचायत बैरवा नानकार में एक ऐसी धांधली सामने आई है, वो चौंका देने वाली है। बीडीओ जोगिया रघुनाथ सिंह ने बताया कि सात आवास में गड़बड़ी मिली है। मामले की जांच चल रही है, धनराशि की वसूली का नोटिस दिया गया है। वर्ष 2011 के सामाजिक आर्थिक गणना की रिपोर्ट के बाद जिनके पास पक्का मकान था, उनका नाम हटाकर आवास की सूची बनाई गई थी। जांच पूरी होने के बाद कुछ और खुलासा होगा।
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खेसरहा ब्लॉक में हो चुकी है गड़बड़ी
प्रधानमंत्री आवास योजना में गड़बड़झाले का यह पहला मामला नहीं हैं। इससे पहले खेसरहा ब्लॉक क्षेत्र के एक गांव में बड़े पैमाने पर धांधली करते हुए 50 से अधिक अपात्र लोगों को आवास आवंटित कर दिया था। इस मामले में भी जांच पड़ताल हुई थी।
इनके खिलाफ नोटिस
गुड़िया, आशा, रामसुमेर, नेहा, उर्मिल, मालती, अजय।
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