सिद्धार्थनगर। वासंतिक नवरात्र के चौथे दिन सोमवार मां कुष्मांडा और स्कंदमाता की आराधना हुई। सुबह से ही मंदिरों में भक्तों की भीड़ लगी रही। दर्शन-पूजन का क्रम पूरे दिन बना रहा। देवी गीतों और भजन से क्षेत्र का वातावरण देवीमय बना हुआ है।
मां दुर्गा का पांचवां स्वरुप स्कंदमाता का है। वात्सल्य और करुणा की देवी मां स्कंदमाता के इस स्वरूप के स्मरण से प्रतिकूल परिस्थितियों से जूझने की क्षमता प्रबल होती है। सुबह से ही आस्थावान देवी के दर्शन को लालायित रहे।
नगर के सिंहेश्वरी मंदिर, हनुमानगढ़ी मंदिर सहित अन्य प्रमुख मंदिरों में पहुंच कर भक्तों ने शीश नवाया। घरों व अन्य सार्वजनिक स्थलों पर चल रहे धार्मिक अनुष्ठानों में भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।