सिद्धार्थनगर/इटवा। तेज आंधी से सोमवार को ट्रांसफाॅर्मर और सैकड़ों पोल क्षतिग्रस्त होने समेत आठ उपकेंद्र ठप हो जाने से जिले की बिजली व्यवस्था चरमरा गई थी। बुधवार को बांसी से भिलौरी सप्लाई 132 केवीए की लाइन में हथियहवा गांव की सीवान में क्षतिग्रस्त टाॅवर की मरम्मत के बाद सभी उपकेंद्र चालू तो हुए लेकिन क्षतिग्रस्त ट्रांसफाॅर्मर और पोल के कारण 250 से अधिक गांवों में बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। बिजली निगम का दावा है कि मरम्मत के बाद बृहस्पतिवार को इन गांवों में आपूर्ति बहाल हो जाएगी।
तीन दिन पहले आए तेज आंधी और बारिश से बांसी से भिलौरी आ रही लाइन में हथियहवा गांव के सीवान में स्थित एक टावर क्षतिग्रस्त हो गया था। इसके चलते भिलौरी केंद्र से जुड़े छह बिजली केंद्रों पर आपूर्ति ठप हो गई थी। वहीं, दो अन्य फीडर भी क्षतिग्रस्त होने से बंद हो गए थे। इसके चलते लगभग पांच सौ गांव अंधेरे में डूब गए। क्षतिग्रस्त बिजली टॉवर को ठीक करने के लिए गोरखपुर से भी कर्मचारी बुलाए गए थे। इस भिलौरी केंद्र पर आपूर्ति देने के लिए टावर को 38 घंटे बाद ठीक करके बिजली आपूर्ति शुरू कर दी गई जबकि तेज आंधी से गांवों में क्षतिग्रस्त होकर गिरे बिजली पोल, तार और ट्रांसफार्मर को पुनर्स्थापित न कर पाने से विगत 70 घंटों से आपूर्ति से सैकड़ों गांवों के उपभोक्ता बृहस्पतिवार को भी बिजली से वंचित रहेंगे।
बिजली निगम का कहना है कि विगत तीन दिनों से विभागीय कर्मियों का मुख्य फोकस 33/11 केवीए की बिजली आपूर्ति केंद्र इटवा, खुनियांव, बेलवा, तहसील फीडर इटवा, ढेबरूवा व बढ़नी केंद्रों को आपूर्ति देना था। बुधवार दोपहर बाद 2:42 बजे इसे बहाल कर दिया गया। पोल व तारों आदि के बदले न जाने से क्षेत्र के सैकड़ों गांव बृहस्पतिवार में अब भी आपूर्ति शुरू नहीं हो पाई है। विभागीय कर्मियों की मानें तो सुचारू बिजली आपूर्ति शुक्रवार देर शाम तक सभी गांवों में संभव हो पाएगी।
इस संबंध में अधिशासी अभियंता संतोष कुमार तिवारी ने बताया कि सभी गांवों में बिजली आपूर्ति शुरू करने के लिए कर्मचारी युद्ध स्तर पर कार्य कर रहे हैं, कोशिश है कि शीघ्र आपूर्ति शुरू कर दी जाए।
इन गांवों में ठप है बिजली आपूर्ति
इटवा क्षेत्र के गंगवार, पकड़ी नंदलाल, लोहटा, गिरधरपुर, इटवा वन, लटेरा, कुनगाई, जगजीवनपुर, बेनीपुर, विशुनपुर आदि गांवों में बिजली आपूर्ति ठप है। इन गांवों के लोगों की हालत गर्मी और उमस से बेहाल हैं। वहीं, पंखा-कूलर व फ्रीज जैसे इलेक्ट्राॅनिक उपकरण बंद हो जाने से लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। जिन घरों में लोग बिजली मोटर से पानी टंकी भरते थे, उन्हें स्नान, शौच समेत अन्य दैनिक क्रियाओं के लिए सांसत झेलनी पड़ रही है। इसी तरह इनवर्टर भी बंद हो जाने से लोगों के मोबाइल तक चार्ज नहीं हो पा रहे है।
मरम्मत के बाद सभी बिजली फीडर संचालित करा दिए गए हैं। कुछ जगहों पर 11 केवी लाइन क्षतिग्रस्त होने से ग्रामीण क्षेत्र में आपूर्ति बंद है। काम कराया जा रहा है, जल्द ही सभी जगहों पर आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
- अजय कुमार, अधीक्षण अभियंता, बिजली