महिला की मौत के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इटवा में पहुंचे नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे
- फोटो : टूंडला स्टेशन पर साध्वी प्रज्ञा ठाकुर का स्वागत करते भाजपाई संगठन
इटवा। कस्बे के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इटवा में प्रसव के लिए आई गर्भवती मजरुन्निशा की मौत इंजेक्शन लगने के बाद ही हुई थी।
परिवार की ओर से कार्रवाई की मांग को लेकर शुक्रवार रात करीब 10 बजे तक विरोध जारी रहा। विधायक इटवा माता प्रसाद पांडेय मौके पर पहुंचे और परिवार के लोगों को समझाया, जिसके बाद वह मान गए और अंतिम संस्कार के लिए लाश लेकर चले गए।
जानकारी के मुताबिक, इटवा थाने के ग्राम परसा निवासिनी मजरुन्निशा पत्नी शफीक नार्मल डिलीवरी के लिए शुक्रवार देर शाम सीएचसी इटवा आईं थीं। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. संदीप द्विवेदी के मुताबिक सब कुछ सामान्य था। महिला को नार्मल डिलीवरी के लिए ले जाया गया, तभी उसे झटका आने लगा। इससे ड्यूटी पर तैनात स्वास्थ्य कर्मी शमीमा ने झटके को रोकने के लिए तत्काल एक इंजेक्शन लगा दिया, जिसके कुछ देर बाद महिला की मौत हो गई। महिला की मौत से पूरे सीएचसी परिसर में अफरा-तफरी मच गई। परिजन महिला स्वास्थ्य कर्मी के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़ गए।
प्रसूता नेता विरोधी दल माता प्रसाद पांडेय के गांव पिरैला की रहने वाली थी। इसकी सूचना मिलने पर वह भी मौके पर पहुंच गए और उन्होंने इंजेक्शन सहित अन्य विषयों की जानकारी ली। इसी दौरान इटवा पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। विधायक के समझाने-बुझाने का परिजनों पर असर हुआ और वह एंबुलेंस से मृतका को लेकर पिरैला जाने को तैयार हो गए। शनिवार को ससुराल परसा में ले जाकर मृत मजरुन्निशा को दफना दिया गया। मृतका एक बच्चे की मां थी और पति शफीक मुंबई में था।