सिद्धार्थनगर। तराई में मंगलवार को लगभग 11 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से बर्फीली हवा चली। इससे पूरे दिन लोग ठिठुरने को मजबूर रहे। पिछले कई दिनों से धूप नहीं निकलने से गलन भी बरकरार रही। इससे लोग हीटर और अलाव के इर्द-गिर्द बैठे रहे। कोहरा व आकाश में धुंध छाए रहने से गलन रही, जिसकी वजह से ज्यादातर लोग घरों में कैद रहे।
वहीं, सुबह के समय सड़क पर दृश्यता घटने से वाहनों की रफ्तार थमी रही। बर्फीली हवा के चलते मंगलवार को अधिकतम तापमान 14.9 डिग्री पहुंच गया। हालांकि न्यूनतम तापमान 10.8 रहा। कड़ाके की ठंड से जनजीवन अस्त व्यस्त दिखा। सुबह घने कोहरे और धुंध के बीच हुई। पूरे दिन बर्फीली हवा के कारण जिले के लोग बेहाल रहे। सामान्य दिनों की तरह शहर में आवागमन नहीं दिखा। ज्यादातर लोग घर में कैद रहे। मजदूरी पेशा वर्ग के लोग घरों से निकले तो जरूर, लेकिन वह भी अपने को ठंड से बचाने की जुगत करते दिखे। दिनभर लोग अलाव तापते नजर आए।
मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि नव वर्ष तक इसी तरह के मौसम का सामना तराई के लोगों को करना पड़ेगा।