सिद्धार्थनगर। भारत नेपाल की संयुक्त टीम ने सोमवार को बर्डपुर क्षेत्र के महली सागर में स्थित स्केप पर गेट लगाने संबंधी मामले को लेकर मौके का निरीक्षण किया। दोनों देशों के सिंचाई विभाग से संबंधित टीम ने स्थलीय निरीक्षण करते हुए मौके की हकीकत जानी और लोगों से भी जानकारी ली। मामले में एक सप्ताह बाद बैठक करने चर्चा करने और परियोजना संबंधी स्थितियों से जुड़ी सभी जानकारियां साझा करने को लेकर सहमति बनी।
भारत की तरफ से सिंचाई विभाग के चीफ इंजीनियर विकास कुमार सिंह व एससी सुरेंद्र मोहन वर्मा के नेतृत्व में नेपाल के सिंचाई विभाग के अधिकारियों के साथ महली सागर का निरीक्षण किया। संयुक्त टीम ने नेपाल से आने वाले पानी को एकत्रित कर उसका खेतों की सिंचाई आदि उचित उपयोग करने पर चर्चा की। इस दौरान महली सागर के स्केप पर गेट लगाने से दोनों देशों को होने वाले लाभ और नुकसान के संबंध में भी चर्चा करते हुए निराकरण का रास्ता तलाशने पर सहमति बनी। साथ ही इसके लिए जल्द ही उच्चस्तरीय बैठक करने और परियोजना के संबंध में अग्रिम कार्रवाई करने पर सहमति बनी है। संयुक्त टीम में ड्रेनेज खंड के अधिशासी अभियंता कृपाशंकर भारती, एई मालविका जायसवाल, जेई राधेश्याम भारती आदि शामिल रहे।