डुमरियागंज। तहसील क्षेत्र के बनगवां नानकार गांव में नवयुवक दुर्गा पूजा समिति की ओर से आयोजित संगीतमयी श्रीराम कथा में शनिवार रात कथावाचक बाबा विजय राघव दास रामायणी ने राम वनगमन और केवट प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर हो गए।
कथावाचक ने बताया कि अयोध्या में भगवान श्रीराम के राज्याभिषेक की तैयारियां चल रही थीं। इसी बीच देवताओं की प्रार्थना पर मां सरस्वती ने मंथरा की बुद्धि फेर दी। मंथरा ने कैकेयी के मन में कौशल्या के प्रति ईर्ष्या और भरत के भविष्य को लेकर आशंका पैदा कर दी।