- प्रयागराज में पढ़ाई के दौरान आया था बुखार, गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में इलाज के दौरान मौत
लोटन। कर्मा गांव के छात्र पंकज कुमार उर्फ गौतम की बुखार के बाद गोरखपुर में इलाज के दौरान हुई मौत से डेंगू की अफवाह फैलने लगी। इसके बाद सीएमओ के निर्देश पर मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम गांव पहुंची और परिवार समेत ग्रामीणों की जांच की। जांच में गांव में डेंगू का कोई मरीज नहीं मिला। टीम ने ग्रामीणों को डेंगू से बचाव के उपाय बताए और गांव में दवा का छिड़काव कराने के निर्देश दिए।
कर्मा गांव निवासी पंकज कुमार प्रयागराज में रहकर पढ़ाई कर रहा था। परिजन के अनुसार 17 अगस्त को वहां उसे बुखार आने लगा। स्थानीय स्तर पर जांच और इलाज कराया गया लेकिन तबीयत में सुधार नहीं हुआ। इसके बाद वह घर लौट आया और लोटन सीएचसी में इलाज कराया। हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उसे गोरखपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया, जहां इलाज के दौरान शनिवार को उसकी मौत हो गई। मौत की जानकारी के बाद गांव में डेंगू की चर्चा फैल गई।
सीएमओ डॉ. संजय कुमार दोहरे ने जिला मलेरिया अधिकारी सुनील चौधरी, संचारी रोग प्रभारी समीर सिंह, डॉ. निसार अहमद, एलटी वीरेंद्र और आशा विजय लक्ष्मी की टीम गठित कर गांव में जांच के निर्देश दिए। टीम ने मृतक के परिवार के साथ गांव के अन्य लोगों की भी जांच की। जिला मलेरिया अधिकारी सुनील चौधरी ने बताया कि छात्र की तबीयत इलाहाबाद में खराब हुई थी। गांव में जांच के दौरान उसके अलावा डेंगू का कोई मरीज नहीं मिला। छात्र जिस मोहल्ले में इलाहाबाद में रहकर पढ़ाई करता था, वहां के नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र को भी सूचना देने की तैयारी है ताकि वहां अन्य लोगों में बीमारी की स्थिति की निगरानी की जा सके।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ग्रामीणों को डेंगू से बचाव के उपाय बताए। गांव में दवा का छिड़काव कराने के लिए बीडीओ लोटन को निर्देशित किया गया है।