सिद्धार्थनगर। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के समता विनियम-2026 लागू होने के बाद जहां देश के कई हिस्सों में विरोध और बहस तेज है, वहीं सिद्धार्थ विश्वविद्यालय कपिलवस्तु में स्थिति शांतिपूर्ण बनी हुई है। स्थिति को देखते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।
कुलसचिव द्वारा सोमवार को जारी निर्देश में विश्वविद्यालय एवं संबद्ध महाविद्यालयों में ईओसी की स्थापना, समता समिति के गठन और इक्विटी समन्वयक की नियुक्ति को अनिवार्य किया गया है। इसके बाद नियमों के कड़ाई से अनुपालन की तैयारियां शुरू कर दी गई है।
छात्र-छात्राओं के साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव न हो, इसे लेकर विश्वविद्यालय और महाविद्यालय स्तर पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। शिक्षकों और छात्रों का मानना है कि इस नियम का उद्देश्य शिक्षा, शोध और छात्र हितों को प्राथमिकता देना होना चाहिए न कि व्यक्तिगत या राजनीतिक समीकरणों को। विश्वविद्यालय परिसर में छात्र और शिक्षक आपसी चर्चा कर रहे हैं, लेकिन किसी भी प्रकार का विरोध, धरना या प्रदर्शन देखने को नहीं मिला है।