आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं व सहायिकाओं का आंदोलन बुधवार को भी जोरों पर रहा। मांगों पर कोई कार्रवाई न होने से लामबंद आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने बाल विकास परियोजना कार्यालयों पर तालाबंदी की। नारे लगाए और केंद्र व प्रदेश सरकार पर उपेक्षा का आरोप लगाया। कहा कि मांगों पर कार्रवाई न होने तक संघर्ष जारी रखने का ऐलान किया।
सदर, लोटन, बर्डपुर, उसका, जोगिया सहित सभी ब्लाकों में स्थित परियोजना कार्यालयों पर सुबह से ही कर्मचारियों ने ताला बंद कर दिया था। बाहर धरने पर बैठ गई। यहां हुई सभाओं में वक्ताओं ने कहा कि कुपोषण मिटाने के अभियान में अहम योगदान निभाने के बाद भी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिकाओं की सुधि नहीं ली जा रही। बार-बार आंदोलन के बाद भी न तो न्यूनतम मानदेय बढ़ाया जा रहा है और न ही पेंशन, भत्ता के साथ राज्य कर्मचारी का दर्जा देने की कोई पहल हो रही है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अब उपेक्षा नहीं सहेगी। आर-पार की लड़ाई होगी। जोगिया में प्रदर्शन में ब्लाक अध्यक्ष मंजू गुप्ता, सीमा, राजकुमारी, पूनम, सुनीता, शारदा, शोभावती, उर्मिला, अपूर्ति, मालती चौधरी आदि शामिल रहीं। बर्डपुर ब्लाक में गिरजा देवी, सुभावती, माया देवी, रीता पांडेय, किरन मिश्रा, सुमन श्रीवास्तव, सरोज श्रीवास्तव, निर्मला देवी, कमला देवी, सन्नो देवी, अनीता आदि रहीं। लोटन ब्लाक प्रदर्शन में ज्ञानमती, सत्यरुपा श्रीवास्तव, वंदना, विनीता राव, शकुंतला सिंह, निशा मौर्या, मंजू पांडेय, रागनी, मिथिलेश चौबे, तीजा यादव, संध्या सिंह, मंजू, वंदना, संगीता, प्रमिला, सोनी, रीता, इंदू आदि ने प्रदर्शन किया। वहीं उसका बाजार ब्लाक में नायब तहसीलदार अश्वनी कुमार ने ज्ञापन दिया।