भारतभारी। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेंवा में सोमवार को गर्भवतियों के लिए स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत आयोजित इस शिविर में 65 गर्भवतियों की जांच की गई और उन्हें चिकित्सीय परामर्श दिया गया। महिला चिकित्सक डॉ. रेखा सिन्हा के नेतृत्व में चिकित्सा टीम ने यह कार्य किया।
जांच के दौरान सात उच्च जोखिम वाली गर्भवतियों की पहचान की गई। इनमें मुख्य रूप से खून की कमी (एनीमिया) के लक्षण पाए गए। डॉ. रेखा सिन्हा ने बताया कि उच्च रक्तचाप और भ्रूण का असामान्य आकार उच्च जोखिम के प्रमुख कारण हो सकते हैं। उन्होंने जोर दिया कि गर्भावस्था के शुरुआती दिनों में ही उच्च जोखिम वाले लक्षणों की पहचान कर इलाज और परामर्श देना महत्वपूर्ण है ताकि मां और बच्चे दोनों को सुरक्षित रखा जा सके। शिविर में सभी गर्भवती महिलाओं के खून, पेशाब, आयरन, फोलिक एसिड और कैल्शियम की जांच की गई। उन्हें अल्बेंडाजोल सहित आवश्यक दवाएं भी निशुल्क वितरित की गईं। महिलाओं को समय-समय पर चिकित्सीय जांच करवाते रहने की सलाह दी। इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग की रीता गौतम, स्टाफ नर्स राधा, रजनी सिंह, शारदा, वंदना सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।