- मोहाना थाना क्षेत्र के बूड़ा गांव के प्राथमिक विद्यालय का मामला
- मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराए गए हैं चारों बच्चे
संवाद न्यूज एजेंसी
ककरहवा। मोहाना थाना क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय बूड़ा में स्वतंत्रता दिवस पर झंडारोहण के लिए लगाया जा रहा पाइप हाईटेंशन बिजली के तार से छू जाने से चार बच्चे गंभीर रूप से झुलस गए। बृहस्पतिवार को हुए इस हादसे के बाद उन्हें नजदीकी अस्पताल में ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज भेज दिया। मेडिकल कॉलेज में भर्ती चारों बच्चों की हालत फिलहाल खतरे से बाहर है।
क्षेत्र के बूड़ा प्राथमिक विद्यालय में बृहस्पतिवार की सुबह करीब 7:30 बजे झंडारोहण के लिए बच्चों से लोहे का पाइप लगवाया जा रहा था। इस दौरान पाइप विद्यालय के ऊपर से गुजरे हाईटेंशन तार से छू गया। पाइप लगा रहे कक्षा पांच के चार बच्चे रामलाल, सूरज, अर्जुन और गोपाल करंट की चपेट में आकर झुलस गए। जिम्मेदारों ने पहले तो मामले को दबाने के उद्देश्य से आनन-फानन में बच्चों को निजी अस्पतालों में भिजवाया लेकिन ग्रामीणों ने मामले की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी।
इसके बाद बच्चों को बर्डपुर सीएचसी ले जाया गया। जहां बच्चों की गंभीर स्थिति देखते हुए डॉक्टरों ने मेडिकल कॉलेज के लिए रेफर कर दिया। मेडिकल कॉलेज में भर्ती कर सभी का इलाज किया जा रहा है। सभी खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं। सीओ सदर अरुणकांत सिंह ने बताया कि बच्चे झुलस गए थे, उनका इलाज चल रहा है। सभी की हालत खतरे से बाहर है। इस मामले में कोई शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिली तो कार्रवाई की जाएगी।
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तार नहीं हटा तो बच्चों को नहीं भेजेंगे स्कूल
विद्यालय में हुई घटना के बाद ग्रामीणों में रोष है। आरोप है कि आए दिन विद्यालय में बच्चों से ऐसे काम कराए जाते हैं। स्वतंत्रता दिवस पर बच्चों से पाइप गड़वाया जा रहा था, जिससे यह हादसा हुआ। ग्रामीणों का कहना है कि विद्यालय भवन निर्माण के समय ही इसके ऊपर से गुजरे हाईटेंशन तार को लेकर विरोध किया था। उच्चाधिकारियों को शिकायत पत्र भी दिया गया लेकिन हाईटेंशन तार नहीं हटाया गया। ग्रामीणों ने कहा कि अगर प्रशासन घटना में दोषी लोगों पर कार्रवाई नहीं करता है और विद्यालय के ऊपर से गुजरे तार को हटवाया नहीं जाता है तो अपने बच्चों को इस विद्यालय में नहीं भेजेंगे।
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जिलाधिकारी ने मेडिकल कॉलेज पहुंचकर जाना हाल
प्राथमिक विद्यालय में बच्चों के करंट से झुलस जाने की जानकारी के बाद डीएम डॉ. राजागणति आर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। उन्होंने बच्चों से मुलाकात की और उनका हाल जाना और चिकित्सकों को बेहतर इलाज के निर्देश दिए। कहा कि इलाज में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। मेडिकल कॉलेज में बूड़ा गांव के एक व्यक्ति ने जिलाधिकारी से बातचीत में आरोप लगाया कि हादसे के बाद बच्चे गिरकर तड़प रहे थे और विद्यालय में मौजूद लोग दूर खड़े रहे।