महदेवा बाजार। नौगढ़ तहसील क्षेत्र में संचालित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र महदेवा बाजार में डाॅक्टर की तैनाती न होने से स्वास्थ्य व्यवस्था चरमरा गई है। फार्मासिस्ट के सहारे किसी तरह लोगों का इलाज किया जा रहा है।
हालात ऐसे हैं कि सर्दी-जुकाम या बुखार के अलावा सामान्य बीमारी में भी मरीजों को मेडिकल कॉलेज का रुख करना पड़ रहा है। इसमें समय बर्बाद होने के साथ आर्थिक बोझ भी पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि चिकित्सक न होने से स्वास्थ्य केंद्र पर आए मरीजों का उपचार फार्मासिस्ट कर रहे हैं। बच्चे का इलाज कराने आए रमवापुर निवास बनारसी ने बताया कि डाॅक्टर न होने के कारण फार्मासिस्ट से दवा ली है।
स्थानीय निवासी संदीप ने बताया कि दो माह से कोई डाॅक्टर नहीं है। खजुरिया के निजामुद्दीन ने बताया कि डाॅक्टर के अभाव में 40 गांव की लगभग 35 हजार आबादी बेहतर इलाज से वंचित है। इलाज कराने के लिए मजबूरन निजी अस्पताल जाना पड़ता है।
फार्मासिस्ट रमेश चंद्र चतुर्वेदी ने बताया कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र महदेवा बाजार को एक वर्ष पूर्व प्रसव केंद्र बनाया गया है लेकिन अब तक एक भी प्रसव नहीं हुआ। केंद्र पर एएनएम की तैनाती नहीं है। स्टाफ नर्स का पद भी खाली पड़ा है।
वहीं, डाॅक्टर की भी तैनाती न होने से समस्या आ रही है। गांव के संदीप कुमार, सद्दाम, बनारसी, ज्वाला, निजामुद्दीन, जितेंद्र कोइल आदि ने डॉक्टर की तैनाती की मांग की है।