शोहरतगढ़। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) शोहरतगढ़ में प्रसव के लिए भर्ती महिलाओं को शासन की ओर से निर्धारित भोजन और पौष्टिक आहार नहीं मिलने का मामला सामने आया है। परिजनों का आरोप है कि पिछले करीब एक वर्ष से प्रसूताओं को अस्पताल में न तो भोजन दिया जा रहा है और न ही दूध, दलिया, अंडा जैसे पौष्टिक आहार उपलब्ध कराए जा रहे हैं। मजबूरी में उन्हें होटल से भोजन खरीदकर मरीजों को खिलाना पड़ रहा है।
ग्राम सेमरियांव निवासी सबिता ने सीएचसी में अपने पहले बच्चे को जन्म दिया। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल से उन्हें भोजन या पौष्टिक आहार नहीं मिला। इसके चलते परिवार के लोग बाहर से दूध और भोजन खरीदकर ला रहे हैं।
इसी तरह ग्राम अकरा निवासी रामऔतार ने बताया कि उनकी पत्नी अनिता का पांच दिन पहले सीएचसी में ऑपरेशन के जरिये प्रसव हुआ। स्वस्थ शिशु के जन्म के बावजूद अस्पताल की ओर से कोई भोजन या पौष्टिक आहार उपलब्ध नहीं कराया गया। उन्हें भी होटल से भोजन खरीदना पड़ रहा है।
नेपाल के इमिलिया निवासी संदीप ने बताया कि उनकी पत्नी शर्मिला ने चार दिन पहले स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया है। उन्होंने कहा कि शासन के निर्देशों के अनुसार प्रसूताओं को अस्पताल में भोजन के साथ दूध, अंडा, दलिया जैसे पौष्टिक आहार दिए जाने चाहिए लेकिन यहां ऐसी कोई व्यवस्था नहीं है। सभी जरूरतें बाहर से पूरी करनी पड़ रही हैं।
वहीं, सीएचसी में भोजन एवं पौष्टिक आहार की आपूर्ति करने वाले एक होटल संचालक ने बताया कि चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय से सप्लाई रोकने के लिए कहा गया है। उनका कहना था कि भुगतान के लिए धनराशि उपलब्ध नहीं होने की बात कही गई है।
प्रसूताओं को भोजन और पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने की व्यवस्था संचालित है। यदि कहीं अनियमितता की शिकायत मिली है तो उसकी जांच कराई जाएगी। जांच में आरोप सही पाए जाने पर संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
- डॉ. प्रमोद कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी