ब्लॉक प्रमुख चुनाव नजदीक आने के साथ ही जोड़-तोड़ का दौर तेज हो गया है। प्रत्याशियों की ओर से लगातार आ रहे दबाव के बाद बीडीसी सदस्य भी अब गायब हो गए हैं। कई ब्लॉकों में निर्वाचित बीडीसी सदस्यों का जिले में कोई लोकेशन नहीं मिल रहा। लगातार दबाव से बचने के लिए कई भूमिगत हो गए हैं तो कइयों ने खुद को जिले की राजनीतिक माहौल से ही दूर कर लिया है। गोलबंद होकर बीडीसी टूर पर जा चुके हैं।
ब्लॉक प्रमुख का प्रतिष्ठापरक पद पाने के लिए हर कोई लालायित है। इसके लिए संभावित दावेदारों ने एड़ी-चोटी का जोर लगा रखा है। धनबल-बाहुबल के सहारे समर्थन जुटाने की होड़ के बीच खुद को सेफ करने के लिए बीडीसी सदस्य भी पैंतरे बाजी में लगे हुए हैं। कई ब्लॉकों में सदस्यों ने पहले ही तय कर लिया है कि कहां वोट देना है। ऐसे में दबाव से बचने के लिए सदस्यों का खेमा गोलबंद होकर भारत भ्रमण पर निकल चुके हैं। हालांकि इनके भ्रमण का खर्च कोई और वहन कर रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक एक ब्लॉक के बीडीसी सदस्य हरियाणा में डेरा डाले हुए हैं तो एक खेमे के सदस्य पड़ोसी नेपाल में रुककर मौज काट रहे हैं। कई अन्य ब्लॉकों में सदस्य धार्मिक स्थल की यात्रा पर हैं। प्रत्याशी उन्हें ढूंढ़ रहे हैं। उनका लोकेशन जानने के लिए बेताब हैं। कोई सफलता न मिलने पर घर वालों, रिश्तेदारों के माध्यम से संदेशा भेजवा रहे हैं, ताकि उन्हें समर्थन मिल सके।