पिछले 14 दिनों से विकास भवन परिसर में चल रहा भारतीय किसान यूनियन भानु गुट के कार्यकर्ताओं का धरना शुक्रवार को पंचायत में तब्दील हो गया। जिले भर से किसानों के साथ पंचायत में कार्यकर्ताओं ने विभागीय अफसरों के रवैए पर जमकर नाराजगी जताई। किसानों की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए गुस्सा जाहिर किया। सीडीओ को ज्ञापन सौंपकर चेतावनी दी कि मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को बाध्य होंगे।
पंचायत के जरिए कृषि विभाग की ओर से ब्लाक स्तर पर स्टॉल लगाकर अनुदानित बीज वितरण किए जाने में अनियमितता का आरोप लगाया। जिला महासचिव पंकज वर्मा ने कहा कि ब्लाक स्तर पर स्टॉल लगाकर किसानों को दिए जाने वाला अनुदानित बीज बाजार के मूल्य से 30 रुपये प्रति किलो अधिक लिया जा रहा है।
विभाग की मनमानी पर रोक लगाते हुए किसानों को उचित मूल्य पर बीज दिए जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं को लेकर कई दिनों से धरना चल रहा है, मगर जिम्मेदार अफसरों के कानों पर जूं न रेंगने से यह जाहिर हो रहा है कि उन्हें किसानों के हितों की कोई परवाह नहीं है।
अधिकारियों से वार्ता कर एक सप्ताह के भीतर समस्याओं का समाधान दोषियों पर कार्रवाई न करने पर आंदोलन की चेतावनी दी। तहसील अध्यक्ष जबीउल्लाह ने इंसेफेलाइटिस से प्रभावित शिवपतिनगर के गनेशपुर, चमरटोला व रामनगर टोला में जलनिगम की ओर से बनवाए गए पेयजल टैंक से अब तक आपूर्ति शुरू न होने पर नाराजगी जताई।
पंचायत में जिलाध्यक्ष यार मोहम्मद चौधरी, हाजी रव्वाब अली, विनोद कुमार चौधरी, अनिल कुमार राव, समसुज्जोहा, निराला मौर्या, नूरजहां खातून, डॉ.शिवप्रसाद, जबीउल्लाह, तुफैल अहमद, नंदराम यादव, छेदी प्रसाद, विशंभर गौड़ आदि मौजूद रहे।