खेसरहा क्षेत्र के पेडारी में आग को बुझाते ग्रामीण।
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सिद्धार्थनगर। अन्नदाता किसानों पर आग का कहर गुरुवार को भी जारी रहा। जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में अगलगी से किसानों की 40 बीघा से अधिक गेहूं की फसल राख हो गई। ग्रामीणों की अथक कोशिशों से आग पर काबू पाया जा सका।
जोगिया कोतवाली क्षेत्र के मदुरा गांव में गुरुवार को दोपहर अज्ञात कारणों से आग लग गई। नजर पड़ते ही ग्रामीण आग बुझाने की कोशिश में जुट गए। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, मगर तब तक घरभरन, मंगरे व घनश्याम की करीब 6 बीघा गेहूं की फसल आग की भेंट चढ़ चुकी थी। उधर, खेसरहा थाना क्षेत्र के पेड़ारी बुजुर्ग के उत्तर तरफ डंठल फूंकने के दौरान खेत में आग लग गई। तेज हवा से भड़की आग ने सत्येंद्र पांडेय, संजय पांडेय, कुसुमलता द्विवेदी, विनोद, हरिश्चंद्र यादव, रामनरेश, राजेश, वंसीधर के खेत में गेहूं की खड़ी फसल जल गई। वहीं पुजारी के खेत में काट कर रखा गया गेहूं का बोझ भी आग की भेंट चढ़ गया।
सूचना पर फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंच गई। दो वाहनों की मदद से घंटे भर की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। सूचना पर तहसील प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का जायजा लिया। मिश्रौलिया थाना क्षेत्र अंतर्गत चेतीय और उड़वलिया के सीवान में भूसा मशीन से निकली चिंगारी से गेहूं के खेतों में आग लग गई। आग से करीब नौ बीघा गेहूं की फसल राख हुई। सूचना के बावजूद फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर नहीं पहुंची। मिश्रौलिया थाना प्रभारी अखिलानंद उपाध्याय व चेतिया चौकी इंचार्ज चंदन कुमार ने ग्रामीणों और पुलिस जवानों के सहयोग से आग पर काबू पाया। आग में चंद्र नारायण लाल का दो बीघा, हरिराम लाल का 12 मंडी, घुरहू लाल का साढ़े चार बीघा, शंकर का 10 मंडी, श्रीराम 10 मंडी, लड्डू का डेढ़ बीघा गेहूं की फसल जल गई।