तेज धूप में सिर ढककर जातीं महिएलाएं
सिद्धार्थनगर। स्थानीय नगर में सूर्य की तपन दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। बृहस्पतिवार को लोगों का घरों से निकलना मुश्किल रहा। वहीं, गर्म पछुआ हवा के कारण लोगों की मुश्किलें बढ़ी हैं। बहुत जरूरी न हो तो लोग लोग सुबह और शाम में घर से निकल रहे हैं। बारिश के बाद निकलने वाली चिलचिलाती धूप के कारण लोगों को भीषण उमस भरी गर्मी से जूझना पड़ रहा है। ऐसे में लोगों को न तो घर में राहत मिल रही और न ही घर के बाहर। इससे इंसान ही नहीं, पशु पक्षी भी बेहाल हैं। नगर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में खराब हैंडपंप राहगीरों की मुश्किलें बढ़ा रहे हैं। शादी, विवाह के दौर में पड़ने वाली भीषण गर्मी व लू के थपेड़े लोगों की राह रोक रहे हैं। भीषण गर्मी के कारण जहां लोगों के घरों में लगा पंखा राहत देने के बजाए आग उगल रहा हैं। वहीं घर से बाहर निकलने वाले लोगों को लू के थपेड़े झुलसा रहे हैं। ऐसे में लोगों को राहत के लिए मौसम के मिजाज में ठंड का इंतजार है।
अधिक गर्मी पड़ने से पिछड़ रही धान की नर्सरी
सिद्धार्थनगर। गर्मी से धान की खेती पर असर पड़ रहा है। मौसम अनुकूल न होने से किसानों की धान की नर्सरी पिछड़ रही है। जल्दबाजी करके नर्सरी डालते हैं तो खराब होने का खतरा है। इससे किसान संशय में पड़े हैं।
धान की नर्सरी डालने के लिए मौसम का अनुकूल होना बेहद जरूरी है। नर्सरी के लिए जून का प्रथम सप्ताह अच्छा समय माना जाता है। जून माह शुरू हो गया है लेकिन मौसम में कोई बदलाव नहीं दिख रहा है। जबकि पिछले साल पहली जून को बारिश होने से तापमान नियंत्रित हो गया था। इस बार दिन में प्रचंड धूप रात में उमस भरी गर्मी के कारण किसान नर्सरी डालने की हिम्मत नहीं कर पा रहे हैं। एडीओ एजी हरिश्चंद्र ठकुराई ने साधन सहकारी समिति बनियाडीह में धान बीज वितरण के दौरान किसानों को बताया कि बीज लाने के साथ ही खेतों की तैयारी करते रहें। ताकि बरसात होते ही नर्सरी पड़ जाए। इस दौरान संतोष कुमार, विनय कुमार वर्मा, मनोज कुमार, किसान दिग्विजय सिंह, प्रेमचंद मोदनवाल, महबूब खां,अनील, प्रदीप गुप्ता मौजूद रहे।