सिद्धार्थनगर। बसपा के पूर्व जिलाध्यक्ष पर हमले की तफ्तीश पुलिस के लिए सिरदर्द बन गई है। बदमाशों ने थाना से मात्र डेढ़ सौ मीटर की दूरी पर फायरिंग की थी। दिन दहाड़े गोली मारकर कानून व्यवस्था को खुली चुनौती दे दी है।
मगर पुलिस अबतक यह नहीं स्पष्ट कर सकी है कि गोली किसने मारी और उसका मकसद क्या था? हमले में 32 बोर के तमंचे का प्रयोग किया गया। फिलहाल तफ्तीश की कड़ी प्रधानी चुनाव को लेकर आगे बढ़ रही है। पुरानी फाइलों को भी खोला जा रहा है। घायल बसपा नेता का इलाज लखनऊ में चल रहा है।
गौरतलब है कि गुरुवार की शाम करीब 6 बजे बसपा के पूर्व जिलाध्यक्ष व खजुरिया शर्की के ग्राम प्रधान रमेश को अज्ञात हमलावरों ने गोली मार घायल कर दिया। घटना के समय वह समीप के परसोहिया गांव से वॉलीबाल खेलकर साथी ग्राम पथरदेईया के बीडीसी सदस्य परवेज की बाइक पर बैठकर ढेबरुआ आ रहे थे। ढेबरुआ चौराहे पर रमेश की रोजाना बैठकी लगती थी।
पुलिस सूत्रों के मुताबिक बदमाशों ने हमले की योजना पहले ही बना ली थी। रेकी करके होमवर्क भी किया था। उनकी योजना थी कि एक ही वार हो और वह भी सटीक। गोली मारने के बाद भागने का प्लान भी बना लिया था, क्योंकि उन्हें मालूम था कि थोड़ी सी चूक भारी पड़ जाएगी। सूत्र बताते हैं कि बाइक सवार हमलावर हेलमेट पहने हुए थे। गोली 32 बोर के तमंचे से चलाई गई।
नजदीक से सीने का निशाना लगा कर फायर किया गया था। दो फायर किए गए जिससे एक सीने और कमर के पास पसली में व दूसरी गोली हाथ में लगी। बदमाश बाइक को आधा किलोमीटर की दूरी पर छोड़ कर भाग गए।
घटना थाने से मात्र डेढ़ सौ मीटर की दूरी पर दिनदहाड़े घटित हुई। इससंबंध में सीओ शोहरतगढ़ शंकर प्रसाद ने बताया कि हमलावरों की तलाश की जा रही है। पुलिस को कुछ साक्ष्य भी मिले हैं, उन्हीं के आधार पर तफ्तीश की जा रही है।
लावारिस बाइक के सहारे आगे बढ़ रही तफ्तीशःपुलिस की तफ्तीश मौके से आधा किमी दूर मिली बाइक के सहारे आगे बढ़ रही है। खोज में जुटी है कि हमलावर आगे किस साधन से गए।
रमेश की बाइक को चला रहे बीडीसी साथी परवेज से पुलिस को कुछ खास नहीं मालूम हो सका। सूत्रों के मुताबिक परवेज ने पुलिस को बताया कि हमलावरों ने हेलमेट से मुंह को ढक रखा था। हुलिया के लिए अंदाजा से एक पुलिस कर्मी की तरफ इशारा किया इन्हीं की हाइट रही होगी।