- अभिभावकों की अनुमति का हवाला देकर विद्यालय प्रबंधन ने रोका टीकाकरण, स्वास्थ्य विभाग करेगा जागरूक
शोहरतगढ़। मंगलवार को अतरी महमूदवां क्षेत्र के विद्यालयों में बच्चों को खसरा-रूबेला टीका लगाने पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम को कई जगह अभिभावकों की अनुमति नहीं मिलने के कारण वापस लौटना पड़ा। विद्यालय प्रबंधन ने अभिभावकों की सहमति के बिना बच्चों का टीकाकरण कराने से इनकार कर दिया।
सीएचसी शोहरतगढ़ की ओर से खसरा-रूबेला से बचाव के लिए विद्यालयों में टीकाकरण कराया जा रहा है। मंगलवार को एएनएम अमीता, आशा भाग्यश्री और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता निशा की टीम अतरी महमूदवां के सरकारी और निजी विद्यालयों में पहुंची थी। स्वास्थ्य टीम ने बच्चों को टीका लगाने की तैयारी की, लेकिन विद्यालय प्रबंधकों और शिक्षकों ने बताया कि कई अभिभावक बच्चों को टीका लगवाने से मना कर रहे हैं।
विद्यालय प्रबंधन से जुड़े लोगों के अनुसार कुछ अभिभावक टीका लगवाने से पहले उसकी सुरक्षा को लेकर आशंकित हैं। उनका कहना है कि यदि टीकाकरण के बाद बच्चे को किसी तरह की परेशानी हुई तो इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा। इसी डर के कारण शिक्षकों और प्रबंधकों ने भी बिना अभिभावकों की सहमति के बच्चों को टीका लगवाने से हाथ खींच लिया। स्वास्थ्य विभाग की टीम का कहना है कि कुछ विद्यालय प्रबंधन टीकाकरण के लिए लिखित आदेश की मांग कर रहे हैं। सहयोग नहीं मिलने के कारण कई बच्चों का टीकाकरण नहीं हो सका और टीम को वापस लौटना पड़ा।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. एके आजाद ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग का प्रयास है कि भ्रम दूर कर अधिक से अधिक पात्र बच्चों को टीकाकरण का लाभ दिलाया जा सके।