कपिलवस्तु। कैलाश सत्यार्थी की संस्था के संयुक्त तत्वावधान में सीमावर्ती क्षेत्र के 50 ग्राम पंचायतों में बाल विवाह को समाप्त करने के लिए बृहद रूप से जनचौपाल, बैठकों का आयोजन किया गया। अक्षय तृतीया के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम एक मई से प्रारंभ होकर आज 10 मई को समाप्त हुई।
इसमें धार्मिक गुरु, पंडित मौलवी, ग्राम प्रधान, आशा, आगनबाड़ी, समूह की महिलाएं और गांव के लोगों ने एक साथ मिलकर बाल विवाह को समाप्त करने के लिए पुरजोर समर्थन देने का संकल्प लिया। संस्थान की अध्यक्ष आशा त्रिपाठी ने बताया कि आज भी बाल विवाह समाज में व्याप्त है जो कि सभ्य समाज के लिए कलंक है। इस कुप्रथा को रोकने और जड़ से समाप्त करने के लिए सरकारी एवं गैर सरकारी संगठन एक साथ मिलकर कार्य कर रही है। साथ ही बाल विवाह के प्रति लोगों को जागरूक कर रही है। इसके अलावा अन्य लोगों ने विचार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में मयंक त्रिपाठी, धर्मेंद्र सिंह, जयप्रकाश गुप्ता, सुनीता कुमारी, कमलेश कुमार चौधरी, अनवारुल हक आदि मौजूद रहे।