बिजली निगम पर मुआवजा नहीं देने का आरोप
भाजपा जिला कार्यसमिति सदस्य ने डीएम को भेजा शिकायती पत्र
एसडीओ बोले मुआवजा राशि आ गई है, कागजी कार्रवाई के बाद देंगे
अमर उजाला ब्यूरो
बढ़नी। जमीन से मात्र पांच फीट ऊपर से गुजर रहे हाईटेंशन तार की चपेट में आने से मौत का शिकार हुए युवक के परिजनों के दुख बिजली निगम के अधिकारियों की हीलाहवाली से और बढ़ गया हैं। शासन की ओर से मुआवजे की रकम चार लाख रुपये आने के बावजूद अधिकारी परिजनों को टरका रहे हैं। भाजपा नेता ने इस बाबत डीएम को पत्र लिखा है।
पिछले साल वार्ड तीन लोहियानगर अजय विश्वकर्मा (21) वार्ड एक स्थित खाली मैदान में शौच करने गया था। 11000 वोल्ट करंट की चपेट में आने से अजय की मौत हो गई थी। भाजपा नेता सुनील अग्रहरि के हस्तक्षेप के बाद एसडीओ ने पीड़ित के पिता रामदेव को एक लाख रुपये चेक देने के साथ घोषणा की थी कि शासन की ओर से चार लाख रुपये और दिए जाएंगे। भाजपा नेता का आरोप है कि शासन की ओर से मुआवजे की चार लाख रुपये धनराशि 15 दिन पूर्व बिजली निगम के खाते में ट्रांसफर कर दी गई लेकिन अधिकारी पीड़ित परिवार को धनराशि नहीं दे रहे हैं। रामदेव से अधिकारियों ने बताया कि धनराशि लेने के लिए न्यायालय जाना होगा। कुछ समझौते के बाद शेष राशि उन्हें दी जाएगी। इस बाबत बिजली निगम एसडीओ आशुतोष अग्रहरि ने भाजपा नेता के आरोप को बेबुनियाद बताते हुए कहा कि मुआवजा राशि आ गई है, पीड़ित परिवार कुछ कागजी कार्रवाई पूरी कर दें तो धनराशि उनके खाते में भेज दिया जाएगा।