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अलीगढ़वा में साफ हुई आईटीआई की राह

Sat, 25 Jan 2014 05:46 AM IST
Siddhartha nagar
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सिद्धार्थनगर। अलीगढ़वा में आईटीआई कॉलेज निर्माण पर लगा विराम अब खत्म होने जा रहा है। जमीन को लेकर हुई शिकायत के कारण रुका काम जल्द ही शुरू हो सकता है। सदर एसडीएम भवानी सिंह खंगरौत के साथ राजस्व विभाग की टीम ने गुरुवार को अलीगढ़वा में आईटीआई के लिए जमीन की पैमाइश की। इसमें कॉलेज निर्माण के लिए जमीन पर्याप्त मिली है। एसडीएम भवानी सिंह खंगरौत ने निर्माण कार्य शीघ्र ही शुरू होने की बात कही है।
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बता दें, आईटीआई कॉलेज निर्माण के लिए 100 वर्ग मीटर जमीन की जरूरत थी। जमीन चिह्नित होने के बाद करीब दो माह पूर्व ईंट, बालू गिरना शुरू हुआ तभी कुछ लोगों की ओर से उठी शिकायत पर काम रुक गया था। एक बार तो ऐसा लगा कि अब अलीगढ़वा की माटी से यह आईटीआई कॉलेज छिन जाएगा। लेकिन अन्य कहीं जगह न मिलने से फिर अधिकारियों का ध्यान अलीगढ़वा की उसी जमीन पर आ टिका। गुरुवार को इसी क्रम में एसडीएम भवानी सिंह खंगरौत के नेतृत्व में थानाध्यक्ष रवि राय, लेखपाल रमेश पाठक ने जमीन की पैमाइश की। इस दौरान जमीन पर्याप्त मिली। आईटीआई कोतवाली कपिलवस्तु और एसएसबी की बीओपी के बीच में बनेगा। सीमा से इसकी दूरी महज पांच सौ मीटर होने के कारण दोनों देशों के विद्यार्थियों को इसका लाभ हासिल हो सकेगा।
30 वर्गमीटर में होगा वर्क शॉप
आईटीआई कॉलेज में 30 वर्ग मीटर में वर्कशॉप का निर्माण कराया जाएगा। एसडीएम भवानी सिंह खंगरौत ने बताया कि निर्माण के लिए चिह्नित भूमि पर शीशम और यूकेलिप्टस के पेड़ हैं। इन पेड़ों की नीलामी का काम इसी हफ्ते से शुरू हो जाएगा।
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प्राथमिक विद्यालय को भी होगा लाभ
जहां आईटीआई कॉलेज का निर्माण हो रहा है, वहीं बगल में प्राथमिक विद्यालय है। कॉलेज का निर्माण होने से फायदा इस प्राथमिक विद्यालय को भी होगा। इसको मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए सीधी सड़क बन जाएगी। ग्राम प्रधान अमर सिंह चौधरी, कमरुद्दीन, संतराम, इस्तियाक आदि ने निर्माण का रास्ता साफ होने पर खुशी जताई है।
शिक्षा के हब के तौर पर विकसित हो रहा कपिलवस्तु
छात्रा पूनम यादव ने कहा कि कपिलवस्तु में निर्माणाधीन सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के बाद अब यहां आईटीआई कॉलेज के निर्माण का रास्ता भी साफ हो गया है। इस छोटे से कस्बे की पहचान अभी तक पर्यटन को लेकर थी। भगवान बुद्ध की यह क्रीड़ास्थली आने वाले वक्त में एजुकेशन हब के तौर पर पहचाना जाएगा।
साकार होंगे युवाओं के सपने
छात्रा सरिता कसौधन ने कहा कि तकनीकी शिक्षा के लिए अब यहीं पर संसाधन हासिल हो जाएंगे, इससे युवाओं को इसकी खातिर महानगरों की ओर नहीं दौड़ना पड़ेगा। इससे निम्न आयवर्ग के बच्चों को भी तकनीकी शिक्षा सुलभ हो सकेगी। सरिता ने आईटीआई कॉलेज निर्माण की राह साफ होने पर खुशी जताई है।
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