सिद्धार्थनगर। बेरोजगारों को प्रशिक्षित कर उन्हें रोजगार दिलाने के लिए प्रदेश सरकार ने कौशल विकास नीति की शुरुआत की है। इसमें 14 से 35 वर्ष तक के युवाओं को विभिन्न क्षेत्रों में प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके तहत जिले के लगभग चार हजार युवाओं को ट्रेनिंग देने का लक्ष्य है। पूरे प्रदेश में 15 लाख युवाओं का पंजीकरण कर प्रशिक्षित करने की योजना है। इसके बाद युवाओं को प्रमाणपत्र दिया जाएगा, जो सब जगह मान्य होगा।
कौशल विकास मिशन योजना के तहत शिक्षित, गरीबी के कारण अधूरी शिक्षा ग्रहण करने वालों, निरक्षरों, बेरोजगारी भत्ता पाने वाले और मजदूरी कर रहे युवाओं को प्रशिक्षित किया जाएगा। पूर्ण रूप से वित्त पोषित कार्यक्रम का उद्देश्य कौशल विकास के प्रति अभिरुचि जगाकर युवाओं को उपलब्ध संभावनाओं की जानकारी देना है। इसके तहत अप्रशिक्षित बेरोजगार युवकों को अल्प अवधि में गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण देकर रोजगार और स्वरोजगार के लिए प्रेरित करना होगा। यह कार्यक्रम लगभग एक वर्ष जनवरी 2015 तक चलेगा।
ब्यूटीशियन से लेकर कंस्ट्रक्शन तक की ट्रेनिंग
रोजगार परक इस प्रशिक्षण अभियान में युवाओं को उनकी अभिरुचि के मुताबिक जानकारी दी जाएगी।
इसमें ब्यूटीशियन की ट्रेनिंग से लेकर कंस्ट्रक्शन तक का ट्रेड है। मोबाइल रिपेयरिंग, टैली एकाउंटिंग, इलेक्ट्रानिक्स, ऑटोमोबाइल सहित अन्य ट्रेड में युवाओं को प्रशिक्षण दिया जाएगा।