सिद्धार्थनगर। चिल्हिया क्षेत्र में करहिया विद्युत फीडर से जुड़े दर्जनों गांवों की विद्युत व्यवस्था इन दिनों चरमरा गई है। इस फीडर से संचालित गांवों में लोकल फाल्ट व लो वोल्टेज की समस्या बनी रहती है। इससे कनेक्शन धारकों को बिना उपभोग के भी बिल चुकाना पड़ रहा है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त है।
करहिया विद्युत फीडर से जुड़े टेकनार, बड़गो, पिपरा, मुड़िला, गुजरौलिया, कपिया, गौरा, पल्टादेवी, मुसहरवा सहित दर्जनों गांवों में अक्सर लोकल फाल्ट व लो वोल्टेज की समस्या बनी रहती है। बरगदवा फीडर से जुड़े आस-पास के गांवों में बिजली रहती है, वहीं करहिया फीडर से जुड़े गांवों में अंधेरा छाया रहता है। जर्जर तारों पर टिके विद्युत आपूर्ति से हल्की हवा में तार आपस में लड़ते हैं और लोकल फाल्ट की समस्या पैदा हो जाती है। फाल्ट ठीक कराने में विभागीय कर्मचारी काफी समय लगा देते हैं। इससे ग्रामीण काफी परेशान रहते हैं। क्षेत्र के रामनारायण यादव कहते हैं कि लोकल फाल्ट की समस्या से गांव में विद्युत सप्लाई बाधित रहती है। रात होते ही अक्सर बिजली चली जाती है। फाल्ट होने के बाद कई दिनों तक गड़बड़ी को ठीक नहीं किया जाता। इस समस्या से प्रशासन बेखबर है। राजेंद्र प्रसाद का कहना है कि क्षमता से अधिक कनेक्शन होने के कारण समस्या अक्सर बनी रहती है। इसके अलावा कटिया कनेक्शन वालों पर भी विभाग मेहरबान रहता है। विभाग को इस समस्या पर ध्यान देना चाहिए। अरविंद चौधरी का कहना है कि उपभोक्ताओं को बिजली का लाभ नही मिल पाता है। गांव, कस्बे में एक तरफ बरगदवा फीडर चलता है तो दूसरी तरफ करही फीडर से लाइट आती है। करही फीडर की सप्लाई हमेशा बाधित रहती है। थाने से लेकर स्टेट बैंक के पहले लाइट रहती है और दूसरी तरफ कई दिन कई रात में लाइट नहीं रहती है। परसिया फीडर पर शिकायत करने पर कर्मचारी बहाना बनाते हैं। इस रवैये से लोग परेशान हैं। करहिया फीडर से करीब पचास गांव इस समस्या से ग्रसित हैं। उपभोक्ता आरिफ, राधेश्याम सिंह, राजेंद्र, शशिकांत यादव, मेराज, सनी, राजकुमार, अजय, गणेश, निर्मला, राजपाल, रामू, अबरार, निजाम, प्रदीप और राकेश आदि ने प्रशासन से जल्द समस्या समाधान की मांग की है। इस संबंध में जेई करहिया फीडर के अनिल कुमार यादव ने कहा कि फाल्ट की समस्या संज्ञान में है। फीडर ओवरलोडिंग की समस्या से जूझ रहा है। जल्द ही समाधान का प्रयास किया जाएगा।