बरामद अनाज की जांच करते एसडीएम एम.जुबेर बेग व अन्य अफसर।
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इटवा। सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत वितरित होने वाले खाद्यान्न के अवैध भंडारण की सूचना पर मंगलवार को एसडीएम व जिला पूर्ति अधिकारी ने शाहपुर मंडी में छापा मारा। परिसर स्थित एक दुकान से 598 बोरी गेहूं (लगभग 292 कुंतल) बरामद हुआ है। सरकारी कोटे का चावल होने के शक पर तीन अन्य दुकानों को सील कर दिया गया। प्रशासन की इस कार्रवाई से खाद्यान्न की कालाबाजारी करने वालों में हड़कं है। स्थानीय थानांतर्गत शाहपुर मंडी यार्ड में कई व्यापारियों के गल्ले की दुकान है। इन दुकानों के जरिए व्यापारी किसानों से गल्ले की खरीद करते हैं। बताते हैं कि कुछ व्यापारी लाइसेंस की आड़ में सरकारी कोटे के खाद्यान्न की खरीदारी कर उसका भंडारण कर पुन: उसे फ्लोर मिलो या सरकारी क्रय केंद्रों पर बेच देते हैं। सोमवार को भी इसी तरह के खेल की सूचना किसी ने देर शाम डीएम को दी।
उनके निर्देश पर प्रशासनिक अमला सक्रिय हो गया। एसडीएम एम.जुबेर बेग के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम ने मंडी परिसर में छापा मारकर व्यापारी शिवरतन के गोदाम से ट्रक पर लादे जा रहे खाद्यान्न को कब्जे में ले लिया। मंगलवार की सुबह एसडीएम के साथ जिला पूर्ति अधिकारी सत्येंद्र तिवारी, पूर्ति निरीक्षक इटवा अमरजीत वैश्य, मंडी समिति शाहपुर के सचिव एसएन सिंह की टीम सुबह ही मंडी परिसर पहुंच गई। व्यापारी से दूरभाष पर संपर्क कर कागजात दिखाने के लिए कहा, लेकिन घंटों इंतजार के बाद कागजात लेकर न पहुंचने पर टीम ने शिवरतन के गोदाम में सरकारी बोरे में रखा 251
बोरी व सोमवार देर शाम ट्रक पर लादा गया 347 बोरी गेहूं (लगभग 292 कुंतल) को कब्जे में लेते हुए रिपोर्ट डीएम को भेज दिया। पास स्थित तीन अन्य दुकानों में भी संबंधित व्यापारी की ओर से कोटे का चावल रखे जाने के शक पर टीम ने इन दुकानों को भी सील कर दिया है। संबंधित दुकान मालिकों से स्पष्टीकरण मांगा गया है। एसडीएम एम.जुबेर बेग ने बताया कि दूरभाष से बार-बार आवंटित व्यापारियों से गोदाम दिखाने के लिए कहे जाने पर वह नहीं आए। इसके चलते गोदाम सील करने का निर्देश देते हुये मंडी सचिव एसएन सिंह को संबंधित व्यापारियों से स्पष्टीकरण लेने को कहा गया है।