एसबीआई की शाखा पर लगा हड़ताल का बोर्ड,
- फोटो : अमर उजाला
सिद्धार्थनगर। वेतन-भत्ते की समीक्षा करने व सरकारी बैंकों के विलय के खिलाफ ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कंफेडरेशन के आह्वान पर बैंक कर्मियों की हड़ताल से बुधवार को जिले की बैंकिंग व्यवस्था लड़खड़ा गई। हड़ताल से सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की 153 शाखाएं बंद रहीं। हालांकि कुछ हद तक एटीएम, निजी और ग्रामीण बैंकों की शाखाएं कुछ हद तक लोगों का सहारा बनी, मगर उनमें खाता नहीं होने से ज्यादातर लोगों को परेशानी ही झेलनी पड़ी। जिले में हड़ताल में लगभग 250 करोड़ का लेन-देन प्रभावित हुआ। बैंक में आए जरूरतमंदों को बैरंग लौटना पड़ा। लीड बैंक अफसर ओम प्रकाश अग्रहरि ने बताया कि बैंक शाखाएं पूर्व की भांति गुरुवार को खुलेंगी।
एटीएम के शटर गिरे मिले
बैंकों में हड़ताल के जब लोग एटीएम पर पहुंचे तो अधिकांश स्थानों पर निराश होना पड़ा। जिला मुख्यालय पर 90 प्रतिशत से अधिक एटीएम के शटर गिरे मिले। मुख्यालय से सटे थरौली निवासी अरुण कुमार ने बताया कि धन की आवश्यकता थी, पर बैंक बंद व एटीएम के शटर गिरे होने से उन्हें निराश होना पड़ा। पुराना नौगढ़ निवासी मो. रफीक ने बताया कि काफी प्रयास के बाद भी धन निकालने में सफलता नहीं मिली। शहर निवासी अनूप कुमार सिंह का कहना है कि जरूरत के तहत पैसा निकालने बैंक पहुंचे तो निराश होकर लौटना पड़ा। फिर एटीएम पर पहुंचे तो यहां भी निराश होना पड़ा।