तकनीकी गड़बड़ी से 272 गांवों का खाता बंद
ऑनलाइन फीडिंग में दिक्कत से मनरेगा सहित अन्य काम हो रहे प्रभावित
धनराशि न पहुंचने से मजदूरों को नहीं मिल पा रही मजदूरी
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। तकनीकी गड़बड़ी के कारण जिले की 272 ग्राम पंचायतों के खाते में धन का आवंटन नहीं हो पा रहा है। ऐसे में ग्राम प्रधानों के साथ-साथ मजदूरों के समक्ष भी संकट खड़ा हो गया है। मामला विभाग के डायरेक्टर व प्रमुख सचिव स्तर तक पहुंच चुका है। बावजूद इसके समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है। ऐसे में गांव के विकास पर संकट के बादल छाए हैं।
ग्राम पंचायतों के विकास को लेकर केंद्र व प्रदेश की सरकार गंभीर है। इसके साथ-साथ सरकारी धन के हो रहे दुरुपयोग को रोकने के लिए सरकार व्यवस्था को पारदर्शी बनाते हुए ऑनलाइन प्रक्रिया पर जोर दे रही है। सारे कामों का डाटा ऑनलाइन अपडेट करने की प्रक्रिया शुरू की गई है। सरकार ने व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के क्षेत्र में कदम बढ़ाया, लेकिन यह व्यवस्था अधिकांश ग्राम पंचायतों के लिए समस्या बन गई है। सही डाटा कंप्यूटर अपडेट नहीं किए जाने से ग्राम पंचायतों में काम और भुगतान की प्रक्रिया लटक गई है। जिले की 272 ऐसी ग्राम पंचायतें हैं, जहां काम तो हुआ है। मगर धन का भुगतान नहीं हो पा रहा है। इससे एक तरफ जहां ग्राम प्रधान सरकारी दफ्तरों का चक्कर लगाकर परेशान हैं। वहीं, काम करके मजदूरी के आस में मजदूर ग्राम प्रधानों की परिक्रमा में करने में जुटे हुए है। डीपीआरओ सुधीर श्रीवास्तव ने बताया कि तकनीकी गड़बड़ी के चलते 272 ग्राम पंचायतों में कुछ गड़बड़ी आ गई है। मामले को लेकर विभाग के डायरेक्टर, प्रमुख सचिव व जिलाधिकारी को अवगत कराया जा चुका है। इस मामले का कार्य चल रहा है, जल्द ही समस्या का समाधान हो जाएगा।
भुगतान के लिए शासन स्तर तक जा चुका है मामला
विभागीय जिम्मेदारों की मानें तो भुगतान 14वां वित्त आयोग का प्रभावित हुआ है। इसी धन से गांव का विकास होता है। इसी मद के रुपये से गांव में काम किया जाता है। मनरेगा के तहत मजदूरों को सबसे अधिक मजदूरी इसी योजना के तहत मिलती है। मगर तकनीकी गड़बड़ी के चलते भुगतान न होने से विकास कार्य भी प्रभावित है।
जिले में हैं 1199 ग्राम पंचायतें
जिले में 1199 ग्राम पंचायतों में लगभग 2300 अधिक गांव हैं। इसमें गांव के विकास के लिए कई मदों में धन आता है। इसमें 14वां वित्त सबसे महत्वपूर्ण है। 1199 ग्राम पंचायतों में 272 ग्राम पंचायतों में तकनीकी गड़बड़ी के चलते खाते पर रोक लग गई है। धन के भुगतान में दिक्कत आ रही है।
यह है तकनीकी समस्या
विभाग से जुड़े जानकारों की मानें तो जिले की ग्राम पंचायतों में ऑनलाइन प्रक्रिया से जोड़ने के लिए प्रिया साफ्ट पर डाटा अपडेट करने की कवायद शुरू हुई थी। डाटा अपडेट करने के दौरान कुछ ग्राम पंचायतों में खाता नंबर, कुछ में नाम, कुछ में बैंक का नाम अलग और खाता अलग करने सहित अन्य त्रुटियां कर दी गई हैं। इसके चलते भुगतान करने में समस्या आ रही है।