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मौसम ने ली करवट, तेज हवा संग हुई बारिश

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बरसात के दौरान नगर में व्याप्त जलभराव। - फोटो : SRAWASTI
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श्रावस्ती। तराई में गुरुवार देर रात चली तेज हवा के बीच बादलों की गरज चमक के साथ शुरू हुई बारिश शुक्रवार की सुबह तक जारी रही। यह बरसात रवी की अधिकांश फसलों के लिए वरदान मानी जा रही है। वहीं कुछ फसलों के लिए यह नुकसान देय भी साबित हो सकती है। बारिश से जगह जगह व्याप्त कीचड़ व जलभराव ने लोगों की परेशानी भी बढ़ा दी है।
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जिले में सामान्य रहा मौसम का मिजाज गुरुवार देर रात अचानक बदल गया। मध्य रात के करीब चली तेज हवा के बीच अचानक आसमान में घने बादल छा गए। इस दौरान बादलों की गरज चमक के साथ शुरू हुई रिमझिम तो कभी तेज बरसात शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे तक रुक रुक कर जारी रही। तेज हवाओं के कारण कई स्थानों पर गेहूं व अन्य फसलों के गिर जाने से उनको नुकसान पहुंचने का खतरा बढ़ गया है। हालांकि असिंचित क्षेत्रों सहित पिछड़ी फसलों के लिए यह बरसात संजीवनी का काम करेगी।
करीब आठ घंटे तक रुक रुक कर हुई इस बरसात ने जहां खेतों में नमी लौटा दी वहीं इस बरसात का असर लतादार सब्जियों पर भी पड़ने की संभावना जताई जा रही है। तेज बरसात के कारण जगह जगह कीचड़ व जल भराव की समस्या उत्पन्न हो जाने के कारण लोगों की दुश्वारियां भी बढ़ी हैं।
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इन फसलों को होगा फायदा
तराई में हुई बरसात से अरहर, गेहूं, मसूर, अलसी व मेंथा सहित खेतों में लगी गन्ना की फसल को काफी फायदा होगा। इस बरसात से जहां खेतों में नमी वापस आ गई। वहीं फसलों पर पड़ा पाला भी पूरी तरह से धुल गया। इस बरसात का जायद में बोई जाने वाली मक्का, ज्वार, बाजरा व पशुओं के चारे के लिए बोई गई बरसीन, जई आदि को भी लाभ मिलेगा। साथ ही खेतों में लगी भिंडी, गोभी व अरुई आदि सब्जियों को भी फायदा होगा। सबसे ज्यादा लाभ आम की फसल को मिल सकता है। जिन बागों में नमी की कमी थी वहां पर्याप्त नमी हो जाने के कारण इस बार आम की पैदावार अच्छी होने की संभावना बढ़ गई है।
इनको होगा नुकसान
खेतों में लगी अगेती गेहूं की फसल जो काफी बढ़ गई थी, वह तेज हवाओं के कारण गिर गई। यही हाल अरहर की कुछ प्रजातियों की भी रही। जिनके खराब होने का खतरा बढ़ा है। वहीं जिन खेतों में मसूर व अलसी की फसल में फूल आ रहे थे, उनके खराब होने का खतरा बढ़ा है। साथ ही खेतों में लौकी, कद्दू, तरोई, करेला आदि लतादार सब्जियों को नुकसान हो सकता है। जिन किसानों के खेतों में लगी आलू खोदने योग्य हो गई थी, वहां बरसात के कारण आलू की खोदाई का काम प्रभावित होगा।
कीचड़ से बढ़ी समस्या
जिले में हुई इस बरसात के बाद भिनगा के दहाना बस स्टैंड, जमुनहा बाजार, सिरसिया बाजार, खलवा बाजार, गिलौला व कटरा कस्बा, इकौना नगर, खरगौरा मोड़ तथा खैरी मोड़ सहित कई अन्य स्थानों पर कीचड़ व जलभराव की समस्या उत्पन्न हो गई। इससे लोगों को आवागमन में असुविधा हो रही है। वहीं मार्ग व पटरियों पर कीचड़ व फिसलन के कारण दुर्घटनाओं की संभावनाएं भी बढ़ी हैं।
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