श्रावस्ती। युवती के साथ दुष्कर्म करने, अश्लील फोटो व वीडियो वायरल करने, जाति सूचक गाली देने के आरोपी गिलौला के दंदौली निवासी आसर अली उर्फ अहमद हसन को बुधवार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट अवनीश गौतम के समक्ष पेश किया गया।
दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायाधीश ने आसर अली को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माना अदा न करने पर छह माह के अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी पड़ेगी।
गिलौला क्षेत्र के एक गांव निवासी युवक ने नवंबर 2024 में थाने में शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया था कि दंदौली निवासी दूसरे समाज के युवक आसर अली ने उनकी बेटी को पहले प्रेम जाल में फंसाया, उसके बाद उसके साथ दुष्कर्म किया और अश्लील फोटो और वीडियो भी बना लिया। धमकी देते हुए कई बार उसके साथ दुष्कर्म किया।
18 नवंबर 2024 को उनकी बेटी ने उन्हें मामले की जानकारी दी। जब वह विरोध दर्ज करवाने आरोपी के घर पहुंचे, तो आरोपी ने उन्हें जातिसूचक गाली देते हुए मारने के लिए दौड़ा लिया, जिसके बाद उन्होंने पूरे घटनाक्रम को बताते हुए गिलौला थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई।
ऑपरेशन कन्विक्शन के तहत बुधवार को आसर अली को कोर्ट में पेश किया गया। न्यायाधीश ने प्रकरण को गंभीर अपराध मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।