पुलिस लाइन सभागार में आयोजित प्रशिक्षण में मौजूद पुलिसकर्मी। - स्रोत : पुलिस
श्रावस्ती। सड़क दुर्घटनाओं में मृत्यु दर को शून्य करने के लिए सरकार की ओर से जीरो फेटालिटी डिस्ट्रिक्ट कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इसके तहत शनिवार को पुलिस लाइन सभागार में विभिन्न थानों में तैनात पुलिस कर्मियों को जीवन रक्षक प्रशिक्षण दिया गया।
सीओ यातायात आलोक कुमार सिंह ने बताया कि प्रशिक्षण में मौजूद पुलिस कर्मियों को सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्तियों को तत्काल सहायता प्रदान करने के लिए सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) और गोल्डन आवर के दौरान की जाने वाली आवश्यक कार्रवाई की जानकारी दी गई।
जिला चिकित्सालय भिनगा के डॉ. शिव पूजन मौर्या ने पुलिस कर्मियों को सीपीआर की वैज्ञानिक विधि, इसके विभिन्न चरणों और सावधानियों पर विस्तार से जानकारी दी, ताकि आपातकालीन स्थिति में घायल को त्वरित और प्रभावी मदद दी जा सके। पुलिस कर्मियों को इलेक्ट्रॉनिक डिटेल्ड एक्सीडेंट रिपोर्ट की भी जानकारी दी गई।
आधुनिक उपकरणों से लैस होंगे पुलिसकर्मी
सीओे ने बताया कि यातायात प्रबंधन को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए पुलिसकर्मियों को स्पीड रडार, बॉडी वॉर्न कैमरा और ब्रीथ एनालाइजर जैसे आधुनिक उपकरणों के संचालन का प्रशिक्षण भी दिया गया। इन उपकरणों के उपयोग से यातायात नियमों के उल्लंघन पर प्रभावी नियंत्रण व पारदर्शिता बढ़ेगी।