श्रावस्ती। जिले में विगत तीन दिनों से रुक रुक कर सावन की फुहारें पड़ रही है। वही केन नाले का जलस्तर सामान्य हो रहा है। भिनगा जंगल में जमा नाले का पानी घट रहा है। भिनगा लक्ष्मनपुर मार्ग स्थित रेहली बिशुनपुर के निकट डिप पर पानी कम होने से छोटे वाहनों का आवागमन बहाल हो गया है। डिप पर क्षतिग्रस्त मार्ग व पानी के बहाव के बीच मोटर साइकिल व साइकिल सवार सहित राहगीर आवागमन कर रहे हैं।
जिले में विगत दिनों हुई बरसात के बाद भिनगा जंगल सहित केन नाला उफान पर था। इससे नाले सहित जंगल का पानी भिनगा लक्ष्मनपुर मार्ग पर रेहली बिशुनपुर के निकट बहने लगा था। यहां पानी का बहाव तेज होने के कारण कई दिनों से वाहनों का आवागमन बाधित था। इससे गंतव्य तक पहुंचने के लिए लोग जान जोखिम में डाल कर पानी के तेज बहाव से होकर आ जा रहे थे। तेज बरसात न होने के कारण केन नाले का जलस्तर अब सामान्य से नीचे जा चुका है।
जिससे रेहली बिशुनपुर डिप पर पानी का बहाव रुक सा गया है। इससे स्थिति पूरी तरह सामान्य हो गई है। तेज बहाव के कारण क्षतिग्रस्त हुई इस डिप पर अब दो व चार पहिया वाहनों का आवागमन बहाल हो गया है। इससे करीब 45 गांव की डेढ़ लाख की आबादी को मुख्यालय भिनगा आने जाने में सहूलियत मिल गई है। हालांकि मार्ग पर अब भी भारी वाहनों का आवागमन बाधित है। जिससे लोगों को आवागमन के लिए निजी वाहनों का सहारा लेना पड़ रहा है।