श्रावस्ती। जिले के थानों में शनिवार को समाधान दिवस का आयोजन हुआ। पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों के नेतृत्व में आयोजित समाधान दिवस में कुल 182 मामले आए जिनमें से 38 का मौके पर निस्तारण हुआ बाकी के निस्तारण के लिए पुलिस व राजस्व विभाग की टीम को मौके पर भेजा गया।
सिरसिया थाने में आयोजित समाधान दिवस की अध्यक्षता डीएम ओपी आर्य व एसपी आशीष श्रीवास्तव ने की। दोनों अधिकारियों ने सबसे पहले समाधान दिवस पंजिका का निरीक्षण किया गया। इस दौरान उन्होंने सभी लेखपाल एवं राजस्व निरीक्षक को निर्देश दिया कि शिकायत का निस्तारण करने के बाद शिकायतकर्ता के साथ ही दो गवाहों के मोबाइल नंबर व हस्ताक्षर जरूर अंकित करें ताकि निस्तारण की गुणवत्ता की जांच हो सके। इ
स दौरान गुलराकोठी निवासिनी रामकली पत्नी घनश्याम से फोन पर शिकायत के निस्तारण की जानकारी भी ली। रामकली ने बताया कि उसने भूमि विवाद के संबंध में प्रार्थना पत्र दिया था लेकिन कार्रवाई नहीं हुई जबकि शिकायत पंजिका व प्रार्थना पत्र पर शिकायत का निस्तारण दिखाया गया था। इस पर नाराजगी जताते हुए लेखपाल को कड़ी फटकार लगाई गई। साथ ही तहसीलदार भिनगा को टीम भेजकर तत्काल शिकायत का निस्तारण कराकर रिपोर्ट देने को कहा।
ग्राम रानीपुर में भूमि विवाद के संबंध में आए प्रकरण पर लेखपाल मधुपचंद्र ने मामला संज्ञान में न आने की बात कही। इस पर डीएम ने फटकार लगाते हुए सभी मामलों को संज्ञान में रखने का निर्देश दिया। साथ ही अतिक्रमणकारियों पर एफआईआर दर्ज कराने का निर्देश भी दिया। एसपी ने थाना प्रभारियों को निर्देश दिया कि समाधान दिवसों में प्राप्त शिकायतों का निस्तारण राजस्व कर्मचारियों के साथ मिलकर प्राथमिकता के आधार पर करें।
थानाध्यक्ष निस्तारण रिपोर्ट भी समय से प्रस्तुत करें। इस मौके पर उप जिलाधिकारी भिनगा चंद्रमोहन गर्ग, तहसीलदार भिनगा राजकुमार पांडे व थानाध्यक्ष राहुल सिंह यादव मौजूद रहे। इसके साथ ही मल्हीपुर, सोनवा, भिनगा, गिलौला, इकौना में भी समाधान दिवस का आयोजन हुआ जिनमें कुल 182 मामले आए। इनमें से 38 मामलों का मौके पर निस्तारण किया गया। शेष मामलों के निस्तारण के लिए पुलिस व राजस्व विभाग की टीम गठित कर मौके पर भेजी गई है।