फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

तेज हवा व बारिश से चार डिग्री पर पहुंचा पारा

विज्ञापन
विज्ञापन
श्रावस्ती। तराई में मौसम का मिजाज बुधवार से बदला हुआ है। गुरुवार को दूसरे दिन भी रुक रुक कर रिमझिम बरसात होती रही। तेज बर्फीली हवा व बरसात के कारण ठंड बढ़ गई है।
विज्ञापन


जिले का न्यूनतम तापमान चार डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। रिमझिम बरसात के बाद असिंचित तराई क्षेत्र के किसानों के चेहरे खिल गए हैं, जबकि अन्य क्षेत्रों के किसान ओलावृष्टि की संभावनाओं को लेकर आशंकित हैं।

पूरी रात हुई बरसात के चलते गांव व नगरीय क्षेत्रों में लोगों की परेशानी भी बढ़ गई। जिले में सामान्य रहा मौसम का मिजाज मंगलवार देर रात अचानक बदल गया।

बुधवार की भोर से शुरू हुई रिमझिम बरसात रुक रुक कर गुरुवार को भी जारी रही। करीब 36 घंटे से हो रही रिमझिम बरसात के साथ ही चल रही पश्चिमोत्तर हवा ने लोगों को कड़ाके की ठंड का अहसास दिलाया।
विज्ञापन


ठंड से बचने के लिए लोग गर्म कपड़ों में खुद को समेटे नजर आ रहे हैं। वहीं जगह जगह कीचड़ व जल भराव की समस्या होने के कारण लोगों की दुश्वारियां भी बढ़ी हैं।

इस बरसात ने गेहूं, मसूर, अरहर की फसल को संजीवनी दी है। वहीं खेतों में पक चुकी या काट कर रखी सरसों के लिए यह नुकसान देह साबित होगी।

सिरसिया क्षेत्र में सिंचाई के संसाधनों के अभाव में बादलों की ओर निहार रहे किसानों के लिए यह बरसात अमृत से कम नहीं है।

जिले के अन्य हिस्सों में होने वाली बरसात ने किसानों की परेशानी बढ़ा दी है। इससे जहां किसानों को अपनी फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका सताने लगी है।

फसलों को मिलेगा फायदा
जिले में दूसरे दिन भी हो रही हल्की बरसात का सीधा फायदा सब्जियों की खेती पर पड़ेगा। साथ ही नमी के अभाव में बर्बाद हो रही दलहनी व तिलहनी फसलों को भी फायदा होगा।

आम सहित अन्य पेड़ों की पत्तियों पर जमा मैल व पाला धुल जाएगा। इसका अन्य फसलों को भी लाभ मिलेगा। यदि तेज हवाओं के साथ बरसात हुई तो अरहर, मसूर, गेहूं आदि की फसलों को नुकसान पहुंच सकता है।

जिन किसानों की ओर से लाही अथवा सरसों काट लिया गया है, उन्हें नुकसान से बचाने के लिए किसान उसे सुरक्षित कर लें। - जसपाल उप कृषि निदेशक

तेज हवा के साथ हो सकती बारिश
जिले का न्यूनतम तापमान चार डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया है। मौसम शनिवार तक ऐसा ही बना रहने का अनुमान है।

इसके साथ ही जिले के कुछ हिस्से में तेज हवा के साथ बरसात की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता। - डॉ. विनोद सीनियर रिसर्च असिस्टेंट, फसल अनुसंधान केंद्र बहराइच
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें