पत्नी ने दो लोगों के खिलाफ दर्ज कराया था मुकदमा
बाद में तुषार की पत्नी शिखा ने खरखौदा थाने में गांव के तरुण त्यागी और हापुड़ निवासी बिट्टू उर्फ अरविंद त्यागी के खिलाफ पति की हत्या की प्राथमिकी दर्ज कराई थी। वहीं, तुषार की बहन मोना ने वीडियो जारी कर अपने पिता सुंदर त्यागी को निर्दोष बताया था।
पुलिस ने 36 बीघा जमीन के विवाद को हत्या की वजह बताया था। पुलिस ने देहरादून में रह रहे सुंदर त्यागी और उसके साथी देहरादून निवासी अमित को गिरफ्तार किया था। बाद में बिट्टू त्यागी ने न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया था। मामले में आरोपी तरुण त्यागी की अब तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
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23 जुलाई को मिली थी जमानत
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता वैभव कुमार सिंह के अनुसार, आरोपी सुंदर त्यागी को 23 जुलाई को स्पेशल जज एससी-एसटी कोर्ट से जमानत मिल गई थी। इसके बाद जमानत निरस्त कराने के लिए जिला जज की अदालत में याचिका दायर की गई। याचिका पर बुधवार को एससी-एसटी कोर्ट में सुनवाई होगी।
देहरादून में दूसरे नाम से कर रहा था प्रॉपर्टी डीलिंग
पुलिस के खुलासे के अनुसार, सुंदर त्यागी हापुड़ का हिस्ट्रीशीटर रह चुका है। वह देहरादून में विकास सुमन नाम से प्रॉपर्टी डीलिंग कर रहा था। पुलिस के मुताबिक, उसने इस नाम से पहचान पत्र भी बनवा रखे थे। उसने लाइसेंसी पिस्टल भी ली थी।
पुलिस का दावा था कि इसी पिस्टल का इस्तेमाल तुषार की हत्या में किया गया। बाद में पुलिस ने सुंदर त्यागी को रिमांड पर लेकर उसकी निशानदेही पर देहरादून के एक गन हाउस से पिस्टल बरामद की थी।