त्योहारों पर दिल्ली जाने का सफर हुआ आसान
शामली। त्योहारों पर दिल्ली जाने का सफर आसान हो गया है। कोरोना काल के करीब सात माह के बाद यूपी सहित दूसरे राज्यों की रोडवेज बसों की जाने की अनुमति मिल गई है। इससे सवारियों को दिल्ली में जाने की राह आसान हो जाएगी।
22 मार्च के बाद देशभर में लॉकडाउन लागू हो जाने के बाद ट्रेनों, रोडवेज और प्राइवेट बसों के संचालन पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। हरियाणा सहित कई राज्यों में यूपी रोडवेज की बसों का संचालन शुरू हो गया था, मगर दिल्ली- उत्तराखंड राज्यों में यूपी रोडवेज बसों की अनुमति नहीं मिली थी। पिछले माह यूपी रोडवेज बसों के उत्तराखंड के शहरों में जाने की अनुमति मिली। त्योहारों के मद्देनजर दिल्ली प्रशासन ने दूसरे प्रांतों की रोडवेज बसों को प्रवेश की अनुमति जारी कर दी है। सहारनपुर रीजन के आरएम नीरज सक्सेना ने बताया कि करीब सात माह के बाद यूपी रोडवेज की बसों की दिल्ली में प्रवेश की अनुमति मिल गई है। दिल्ली में अंतरराज्यीय कश्मीरी गेट बस अड्डा, आनंद विहार, सराय काले खां बस अड्डों को दूसरे प्रांतों की परिवहन निगम व विभाग की बसों के लिए खोल दिया गया है। सहारनपुर रीजन की 120 यूपी रोडवेज बसों में से 60 रोडवेज बसों को दिल्ली में प्रवेश की अनुमति दी गई है।
डीएम से मिले आरएम
शामली। कैराना में यूपी रोडवेज बस अड्डे के प्रकरण में बुधवार को सहारनपुर रीजन के आरएम नीरज सक्सेना ने कलक्ट्रेट में डीएम जसजीत कौर से मिलकर पूरे प्रकरण की जानकारी दी। उनका कहना था कि कैराना नगर पालिका परिषद मोहल्ला छड़ियान में बस अड्डे की भूमि तत्कालीन एसडीएम अमित पाल शर्मा के माध्यम से यूपी रोडवेज को हस्तांतरित करा चुकी है। निगम द्वारा भूमि का भराव करके चहारदीवारी करा चुकी है। मौजूदा समय में शासन से बस अड्डा में जन सुविधा, टीन शेड कार्यालय स्टाफ भवन निर्माण के लिए धनराशि स्वीकृत हो चुकी है, मगर नगरपालिका परिषद हस्तांतरित की गई भूमि में दुकान बनाने की अनुमति मांग रही है। राज्य परिवहन निगम नगर पालिका परिषद को दुकान बनाने के लिए भूमि उपलब्ध नहीं करा सकता है।