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आज होगी दोनों प्रदेशों के अफसरों की बैठक

Thu, 18 May 2017 12:06 AM IST
शामली, अमर उजाला ब्यूरो
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- फोटो : अमर उजाला
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कैराना। यूपी-हरियाणा सीमा विवाद के मद्देनजर बृहस्पतिवार को कैराना में आईटीआई सेंटर पर दोनों प्रदेशों के पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक होगी। बैठक के दौरान दोनों प्रदेशों के लेखपाल अपने-अपने प्रदेशों के किसानों की भूमि के अभिलेखों का मिलान करेंगे। साथ ही दीक्षित आयोग द्वारा सीमा के निर्धारण के लिए लगाए गए पिलरों पर भी चर्चा होगी। 
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कई दशक से यूपी और हरियाणा के किसानों के बीच यमुना खादर क्षेत्र की जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। पूर्व में जब यमुना नदी की धारा बदली, तो यूपी के किसानों की करीब तीन हजार बीघा जमीन यमुना के पार चली गई और उक्त जमीन पर हरियाणा के लोगों ने अवैध कब्जा कर लिया था।

1974 में केंद्र सरकार ने दीक्षित आयोग का गठन किया था। हरियाणा-यूपी सीमा का सर्वे करने के बाद सीमा पर पिलर लगाए गए थे। पिलर से       इस ओर यूूपी का राजस्व तथा    दूसरी ओर हरियाणा का राजस्व निर्धारित किया गया था। 
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वहीं, यमुना के पार कई किलोमीटर अंदर यूपी सीमा में पिलर लगे होने के बावजूद भी हरियाणा के राजस्व विभाग आज तक उक्त भूमि को अपने राजस्व रिकार्ड से हटा नहीं सका, जिसके चलते उक्त भूमि को लेकर दोनों प्रदेशों के किसानों में टकराव की स्थिति बनी रहती है।

वहीं, एक पखवाडे़ से हरियाणा-यूपी सीमा पर तनाव बना हुआ है। मवी के किसानों पर हमला व मारपीट तथा अगले ही दिन मवी के किसानों की झोपड़ी में आग लगा दी गई थी। इसके चार दिन बाद कुछ युवकों ने मवी के दो किसानों की फसल में भी आग लगा दी थी। 

इसके बाद हरियाणा के बापौली में दोनों प्रदेशों के पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों की बैठक हुई थी, जिसमें पिलर से इस ओर यूपी की सीमा मानी गई थी। नायब तहसीलदार कोमिंद्र कुमार ने बताया कि बृहस्पतिवार को कैराना में पानीपत रोड पर स्थित आईटीआई सेंटर पर दोनो प्रदेशों के एसडीएम, तहसीलदार व पुलिस अधिकारियों की बैठक होगी। दोनो प्रदेशों के हलका लेखपाल अपने क्षेत्र के किसानों की भूमि के अभिलेखों का मिलान करेंगे। इससे आगे की कार्रवाई शुरू की जा सके।
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