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Shamli News: दो माह से लापता ग्रामीण का कंकाल मिला

Wed, 15 Jan 2025 12:03 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
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शामली सहारनपुर रोड पर घटना की जानकारी लेते एसएसपी संतोष कुमार सिंह । संवाद
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शामली। आदर्श मंडी थानाक्षेत्र के कस्बा बनत से दो माह से लापता बनत निवासी सुदेश (45) का कंकाल मिला है। परिजनों ने अधजले कपड़ों व पैर में पड़ी रॉड से पहचान की है। परिजनों ने लापता के दौरान घर से बुलाकर ले गए पिता-पुत्र पर हत्या की आशंका जताते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई थी। अब गमगीन परिजनों ने मामले के खुलासे की मांग की है।
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बनत के मोहल्ला आजाद नगर निवासी सुदेश 13 नवंबर 2024 से लापता चल रहे थे। परिजनों ने तलाश की लेकिन जब पता नहीं चल पाया तो पुत्र शुभम की तरफ से 16 नवंबर को गुमशुदगी दर्ज कराई थी। इसके बाद 21 नवंबर को थाने पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई, जिसमें कस्बे के बाल सिंह व उनके पुत्र रवि पर खेत पर काम करने के लिए घर से बुलाकर ले जाने का आरोप लगाते हुए हत्या की आशंका जताई थी।
मंगलवार दोपहर सुदेश के परिजन आदर्श मंडी थानाक्षेत्र में सहारनपुर रोड पर मंदिर के पास खेत में काम कर रहे थे। परिवार की महिला ने खेत के नजदीक प्लाॅट में मानव खोपड़ी व हड्डियां पड़ी देखी। उसने परिजनों को सूचना दी। कंकाल मिलने की सूचना परिजन और पुलिस मौके पर पहुंचे। परिजनों ने एक पैर की हड्डी में पड़ी रॉड मिलने और पास में मिले अधजले कपड़े के आधार पर लापता सुदेश के रूप में उसकी पहचान की। एएसपी संतोष कुमार सिंह ने मौके पर पहुंचकर मामले की जानकारी ली। माना जा रहा है कि ग्रामीण की हत्या कर पहचान मिटाने के उद्देश्य से शव को जलाया गया था। पुलिस ने कंकाल को कब्जे में लेकर मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी है।
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डीएनए जांच से होगी पुष्टि
एएसपी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि सहारनपुर रोड पर खेत के पास प्लाॅट में मानव खोपड़ी व हड्डियां मिली हैं। परिजनों ने लापता सुदेश का कंकाल होने का दावा किया है। इसकी पुष्टि के लिए डीएनए जांच कराई जाएगी। डीएनए में पुष्टि होने के बाद आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
दो माह से नहीं तलाश पाई पुलिस
मृतक के बेटे शुभम का कहना है कि पुलिस को उन्होंने पहले ही अनहोनी की आशंका जताते हुए नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उनका आरोप है कि पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया और दो माह से कार्रवाई के नाम पर जांच करने की बात कहकर टरकाती रही। कहा कि पुलिस यदि आरोपियों से पूछताछ करती तो उनकी जान बचाई जा सकती थी। मृतक के परिवार में पत्नी के अलावा तीन बेटे है। मृतक खेतों में मजदूरी आदि करता था।
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