शामली। जिले की बजाज समूह की थानाभवन चीनी मिल सात मई और सरशादी लाल समूह की अपर दोआब चीनी मिल शामली 15 मई को अपना पेराई सत्र समाप्त कर बंद हो जाएगी। जिले की तीन चीनी मिलों में से राणा समूह की ऊन चीनी मिल 30 अप्रैल को अपना पेराई सत्र समाप्त करके बंद हो चुकी है। जिले की दूसरे नंबर की बजाज समूह की थानाभवन चीनी मिल रविवार तक एक करोड़ 38 लाख क्विंटल गन्ने की पेराई कर चुकी है।
मिल के गन्ना महाप्रबंधक लेखपाल सिंह ने बताया कि थानाभवन मिल के कुल 82 खरीद केंद्रों में से 52 गन्ना खरीद केंद्र बंद हो चुके हैं। थानाभवन चीनी मिल के बंद होने वाले खरीद केंद्रो की संख्या 70 तक पहुंच जाएगी। गन्ने का बेसिक कोटा सोमवार को समाप्त हो जाएगा। सात मई को चीनी मिल गन्ना पेराई करके बंद हो जाएगी। इसके अलावा मिल के यूनिट हैड वीरपाल ने सरशादी लाल समूह की अपर दो आब चीनी अपना पेराई सत्र 15 मई को समाप्त करके बंद हो जाएगी। चीनी मिल के गन्ना महाप्रबंधक नरेश कुमार ने बताया कि चीनी मिल गत वर्ष एक करोड़ 15 लाख गन्ने की पेराई करके बंद हो गई थी। इस साल चीनी मिल रविवार तक 94 लाख 6 हजार क्विंटल गन्ने की पेराई कर चुकी है। मिल के दस खरीद केंद्र बंद हो चुके हैं। 36 खरीद केंद्र अभी तक चालू है। 15 मई तक चीनी मिल बेसिक कोटे का गन्ना खरीद कर बंद हो जाएगी।
ऊन और थानाभवन मिल ने शामली की राह आसान की
शामली। सरशादी लाल समूह की शामली चीनी मिल का बेसिक कोटे का गन्ना ऊन और थानाभवन मिल ने पेराई करके राह आसान कर दिया। गौरतलब तथ्य यह है कि गन्ने की अधिकता के चलते गत वर्ष शामली चीनी मिल गत 25 मई को बंद हुई थी। इस बार शामली मिल में 13 दिन तक किसानों की बेमियादी हड़ताल के कारण मिल का पेेराई सत्र बंद रहा था। जिससे उसका पेराई सत्र पिछड़ रहा था। शामली चीनी मिल में गन्ने की अधिकता की समस्या समाधान के लिए जिले की ऊन और थानाभवन मिल ने शामली मिल का गन्ना पेराई करके राह आसान कर दी। थानाभवन मिल के गन्ना महाप्रबंधक लेखपाल सिंह ने बताया कि शामली मिल का थानाभवन मिल ने एक लाख क्विंटल की गन्ने की पेराई की है।